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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 23, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

पाकिस्तान में फंसी भारत की बेटी, मदद को बढ़े अंसार बर्नी व तरार के हाथ

By Amit AlokEdited By: Amit Alok
Updated: Sun, 23 Oct 2016 11:18 PM (IST)

बिहार के आफताब की पत्नी व बेटी को पाकिस्तान से भारत आने के लिए वीजा नहीं मिल रहा है। अब उनकी मदद के लिए पाक मानवाधिकार कार्यकर्ता अंसार बर्नी व पत्रकार मेहर तरार आगे आए हैं।

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पटना [वेब डेस्क]। भारत-पाकिस्तान तनाव के कारण तीन साल की मासूम अपने पिता से तो पत्नी अपने पति से अलग रहने को मजबूर हैं। कराची में अपनी मां के साथ रह रही मासूम आफिया बिहार के मुजफ्फरपुर में अपने पिता आफताब के पास आना चाहती है, लेकिन दो देशों के तनाव के बीच रिश्ते तड़प रहे हैं।

अब उनकी सहायता के लिए पाकिस्तान के मानवाधिकार कार्यकर्ता अंसार बर्नी तथा वहां की जर्नलिस्ट मेहर तरार के हाथ बढ़े हैं। विदित हो कि अंसार बर्नी पाकिस्तान जेल में बंद सरबजीत की रिहाई के मुद्दे को भी जोर-शोर से उठाया था। आफताब को पत्नी व बेटी से मिलाने के लिए सोशल मीडिया में दोनों देेशों के लोग एक दिख रहे हैं।

मासूम बेटी का सवाल, कब ले जाओगे पापा

मुजफ्फरपुर के मालीघाट निवासी आफताब की शादी कराची (पाकिस्तान) की निवासी अपनी फूफी की बेटी शाहिना से दिसम्बर 2012 में हुई थी। दोनों को एक प्यारी सी बेटी है। नाम है आफिया। वह रोज मोाबइल पर पिता को परेशान करती है कि वो उसे व अम्मी को लेने कब आ रहे हैं।

पत्नी व बेटी की बातों से परेशान आफताब

आफताब कहते हैं कि पत्नी व बेटी की बातों से वह परेशान हो जाता है। मोबाइल पर वह बेटी से बात कर सकता है, देख सकता है, लेकिन छू नहीं सकता। आफताब बताते हैं, सरहद पर तनाव ने उन्हें बेटी और पत्नी से अलग कर दिया है।

पाकिस्तान में नहीं मिल रहा वाजा

शाहिना 2013 में वीजा मिलने पर पहली बार भारत आई थी, फिर हर बार वीजा बढ़ाते रहे। इस बीच 22 फरवरी 2016 को पत्नी व बेटी मायके गई। 10 जुलाई को भारत आने के लिए वीजा का आवेदन पाकिस्तान स्थित भारतीय दूतावास में दिया। लेकिन, वीजा बनने के पहले ही दोनों देशों के रिश्ते खराब हो गए। फिर 5 अक्टूबर को देशों के तनाव को कारण बताते हुए पासपोर्ट वापस कर दिया गया।

अंसार बर्नी व तरार ने की मदद की पेशकश

मामला मीडिया में आने के बाद मशहूर पाकिस्तानी मानवाधिकार कार्यकर्ता अंसार बर्नी ने कहा है कि उन्होंने मामले से संबंधित अधिकारियों व मंत्रालय को अवगत कराया है। वे भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से भी बात कर आफताब की पत्नी व बेटी को वीजा देने का आग्रह करेंगे।

उधर, पाकिस्तानी पत्रकार मेहर तरार ने कहा है कि उन्होंने पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय में बात की है। मंत्रालय की ओर से सोमवार से कार्रवाई शुरु की जाएगी।

भारत को अपना घर मानती शाहिना

इस मामले पर शाहिना कहती है कि दोनों देशों के तनाव ने उनकी तीन साल की बेटी को पिता से दूर कर दिया है। उसे तो यह भी नहीं पता कि वह भारत में है या पाकिस्तान में है। शाहिना कहती है कि उसकी ससुराल और बेटी आफिया का घर तो भारत ही है।

सोशल मीडिया पर मिल रहा समर्थन

इस बीच आफताब व आाफिया को मिलाने के लिए सोशल मीडिया पर लोग खड़े हो गए हैं। वे विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से ठीक वैसी ही पहल की उम्मीद जता रहे हैं, जैसा उन्होंने जोधपुर के लड़के से शादी करने आ रही कराची की लड़की को वीजा दिलाने में की थी।