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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 30, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

डोनाल्ड ट्रंप की टीम से सहयोग बढ़ाएगा भारत: निर्मला सीतारमण

By Shubham ShankdharEdited By:
Updated: Wed, 30 Nov 2016 11:48 AM (IST)

अमेरिका के साथ आर्थिक सहयोग बढ़ाने के लिए भारत उन सभी लंबित मुद्दों के बारे में जल्द नए प्रशासन को अवगत कराएगा जिनसे घरेलू उद्योग को चिंता है

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नई दिल्ली (जागरण ब्यूरो): अमेरिका के साथ आर्थिक सहयोग बढ़ाने के लिए भारत उन सभी लंबित मुद्दों के बारे में जल्द नए प्रशासन को अवगत कराएगा जिनसे घरेलू उद्योग को चिंता है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह जानकारी दी। अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप 20 जनवरी को पदभार संभालेंगे।

भारत जिन मुद्दों को लगातार उठाता रहा है, उनमें अमेरिका में ऊंची वीजा फीस, सीमा शुल्क सहयोग में वृद्धि, घरेलू वस्तुओं के लिए उसके बाजार में अधिक पहुंच और सामाजिक सुरक्षा करार का जल्द निपटान शामिल हैं।

ट्रंप के मेगा ट्रेड डील ट्रांस-पैसिफिक पार्टनरशिप (टीपीपी) को खत्म करने के बयान पर सीतारमण ने कहा कि इसके लिए इंतजार करना होगा। देखना होगा कि वह व्यापार और टीपीपी के संबंध में क्या पहला कदम उठाते हैं। मंत्री ने पहले कहा था कि टीपीपी पर कदम उठाए जाने से फार्मास्यूटिकल व टेक्सटाइल जैसे सेक्टरों में भारत का निर्यात प्रभावित होगा।

12 देशों के बीच व्यापार समझौता

ट्रांस-पैसिफिक पार्टनरशिप (टीपीपी) 12 देशों के बीच व्यापार समझौता है। इनमें ऑस्ट्रेलिया, ब्रूनेई, चिली, कनाडा, जापान, मलेशिया, मेक्सिको, न्यूजीलैंड, पेरू, सिंगापुर, अमेरिका और वियतनाम शामिल हैं।