Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 22, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    सपा-कांग्रेस गठबंधन पर बन सकती है बात, प्रियंका के दूत करेंगे अंतिम प्रयास

    By Dharmendra PandeyEdited By:
    Updated: Sun, 22 Jan 2017 02:03 PM (IST)

    प्रियंका गांधी वाड्रा के विशेष दूत धीरज श्रीवास्तव के साथ प्रशांत किशोर आज एक बार फिर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के साथ वार्ता करेंगे। ...और पढ़ें

    सपा-कांग्रेस गठबंधन पर बन सकती है बात, प्रियंका के दूत करेंगे अंतिम प्रयास
    सपा-कांग्रेस गठबंधन पर बन सकती है बात, प्रियंका के दूत करेंगे अंतिम प्रयास

    लखनऊ (जेएनएन)। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को किसी भी तरह से सत्ता में आने के रोकने का आज समाजवादी पार्टी तथा कांग्रेस के बीच गठबंधन का एक और प्रयास होगा। माना जा रहा है कि बात कुछ बन सकती है।

    लखनऊ में पिछले तीन दिन से डटे प्रियंका गांधी वाड्रा के विशेष दूत धीरज श्रीवास्तव के साथ उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के रणनीतिकार प्रशांत किशोर आज एक बार फिर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के साथ वार्ता करेंगे। धीरज श्रीवास्तव पूर्व आइएएस अधिकारी है, जो कि सोनिया गांधी के निजी सचिव भी रहे चुके हैं।

    यह भी पढ़ें: UP Assembly Election : सपा-कांग्रेस गठबंधन के फंसे पेंच को सुलझाएंगी प्रियंका गांधी

    माना जा रहा है कि वार्ता दिन में एक बजे के बाद होगी। समाजवादी पार्टी व कांग्रेस के बीच गठबंधन को लेकर आखिरी कोशिश आज होगी। आज की इस कोशिश के बाद उम्मीद की जा रही है कि गठबंधन को लेकर निर्णय सामने आ जाएगा। इस मामले में अखिलेश सकारात्मक दिख रहे हैं। कांग्रेस ने थोड़ा लचीला रुख अपनाया तो गठबंधन हो सकता है। कांग्रेस के नेता भी कुछ ऐसी बात अखिलेश के लिए कह रहे हैं। उनका कहना है कि गठबंधन दोनों की ही मजबूरी है, जाहिर है कि इसके लिए अखिलेश यादव को थोड़ा समझना होगा।

    यह भी पढ़ें: UP विधानसभा चुनाव : अंबिका के सपा छोडऩे से मुलायम आहत, नहीं करेंगे प्रचार

    सीटों को लेकर मतभेद

    प्रशांत किशोर और धीरज श्रीवास्तव की मुलाकात अखिलेश से कल शाम को भी हुई थी, लेकिन उस बैठक में कुछ खास नतीजा नहीं निकला। इसी क्रम में आज एक बार फिर बातचीत होने की संभावना है। कांग्रेस की इच्छा प्रदेश में 120 सीटों पर चुनाव लडऩे की है। अखिलेश यादव इनको सौ से अधिक सीट देने को तैयार नहीं हैं। कांग्रेस रायबरेली व अमेठी की सभी सीट के साथ पश्चिम उत्तर प्रदेश की काफी सीटें लेना चाहती है। इनको लेकर ही गतिरोध बना हुआ है।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें: अंबिका चौधरी का सपा से मोहभंग, बसपा ने दिया फेफना से टिकट

    कांग्रेस चाहती है कि अमेठी तथा रायबरेली के साथ सहारनपुर जिले की सारी सीटें गठबंधन के तहत कांग्रेस को मिले। वहीं समाजवादी पार्टी इस बात को इस आधार पर खारिज कर रही है कि वहां समाजवादी पार्टी के जीते विधायक हैं। फिलहाल माना जा रहा है कि कांग्रेस की तरफ से थोड़ा रुख में नरमी गठबंधन पर बात बना सकती है। इससे पहले सपा नेता नरेश अग्रवाल ने कहा कि कांग्रेस 125 सीटें मांग रही है और हम 100 तक देने को तैयार हैं। कांग्रेस जिद्द पर अड़ी है। वह ऐसा व्यवहार कर रही है, जैसे यूपी में वह बहुत बड़ी पार्टी हो और उसके बिना कुछ नहीं हो सकता। इससे पहले कल प्रशांत किशोर और धीरज की पहले दौर की बातचीत का कोई ठोस नतीजा नहीं निकाला था।

    यह भी पढ़ें: अंबिका चौधरी का सपा से मोहभंग, मायावती ने बसपा में शामिल कराया