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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 05, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

जाटों ने राजनेताओं से मांगा समर्थन, खेला मायावती कार्ड

By Sunil Kumar JhaEdited By:
Updated: Mon, 06 Jun 2016 09:57 AM (IST)

जाट आंदोलनकारियों ने अब नया पैंतरा चला है। रोहतक के जेसिया गांव में जाट नेताओं ने कहा कि राजनेता धरनास्‍थल पर आकर समर्थन का ऐलान करें अन्‍यथा उनका बहिष्‍कार किया जाएगा। उन्‍होंने इस बारे में नेताओं को पत्र लिखा है। इसके साथ उन्‍होंने मायावती कार्ड भी ख्‍ेाला है।

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जागरण टीम, चंडीगढ़। जाट आंदोलन के दोबारा रविवार को शुरू होने के साथ ही आंदोलनकारियों ने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए है। रोहतक के जेसिया गांव धरना देने रहे में जाटों ने कहा कि राजनेता धरनास्थल पर आ कर आंदोलन को समर्थन दें। सोमवार तक ऐसा न करने पर राजनेताओं का बहिष्कार किया जाएगा। इतना ही नहीं जाट आंदोलनकारियों ने इसे बसपा प्रमुख मायावती से जोड़ दिया है। इसके अलावा जाट नेताओं ने जींद में ऐलान किया कि 15 जून तक मांगें पूरी नहीं हाेने पर आंदोलन को तेज किया जाएगा।

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जाट आंदोलनकारियों ने कहा कि इस संबंध में राजनेताओं को पत्र लिखा है। उन्होंने पुर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा, राज्य के वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यू सहित विभिन्न दलों के नेताओं को पत्र लिखकर कहा है कि वे धरनास्थल पर पहुंचकर आंदोलन का समर्थन करें अन्यथा उनका बहिष्कार किया जाएगा। इसके लिए उन्हाेंने नेताओं को सोमवार तक का समय दिया है।

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आंदोलनकारियों ने इसके साथ कहा है कि यदि कांग्रेस, भाजपा और इनेलो के नेताओं ने उनके आंदोलन और मांगों का समर्थन नहीं किया तो जाट हरियाणा और उत्तर प्रदेश के चुनाव में बसपा सुप्रीमो मायावती का समर्थन करेंगे। इसके अलावा जाट नेताओं ने अपनी मांगों का समर्थन करने के लिए मायावती का धन्यवाद किया।

दूसरी आेर जींद के झांझ खुर्द में धरना दे रहे जाटों ने ऐलान किया कि 15 जून से आंदोलन को तेज किया जाएगा। अखिल भारतीय जाट संघर्ष समिति के जिला प्रधान कैप्टन भूपेंद्र ने कहा कि जाट आंदोलनकारी 15 जून तक शांतिपूर्वक धरना देंगे। इस दौरान राहत नहीं मिली ताे इसके बाद आंदोलन तेज किया जाएगा।

दूसरी ओर, दादरी में कृषि मंत्री ओम प्रकाश धनखड़ का काफिला बीच सड़क रोक दिया गया। इससे लंबा जाम लग गया। धनखड़ वहां एक निजी हॉस्पिटल का उद्घाटन करने आए थे। बाद में पुलिस ने रास्ता को खाली करा दिया गया।

आम लोगों ने लिया सुरक्षा का जिम्मा

जींद के पिल्लूखेड़ा में थाने के बाहर पहरा देते लोग।

जींद में जाट आंदोलन को देखते हुए आम लोगों ने सुरक्षा का जिम्मा संभालना शुरू कर दिया है। कई जिलों में लोग सुरक्षा के लिए चौकसी बरत रहे हैं। रविवार को जींद के पिल्लूखेड़ा थाना की सुरक्षा के लिए लोग डटे हैं । लोग थाने के बाहर पहरा दे रहे हैं।

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