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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 08, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

नोटबंदी पर राहुल गांधी का हमला, बोले- जनता त्रस्त है, प्रधानमंत्री मुस्कुरा रहे हैं

By Rajesh KumarEdited By:
Updated: Thu, 08 Dec 2016 02:47 PM (IST)

राहुल गांधी ने कहा कि आज सरकार के नोटबंदी फैसले के बाद पूरे देश की जनता त्रस्त है वो बुरी तरह से सफर कर रही हैं लेकिन प्रधानमंत्री मोदी मुस्कुरा रहे हैं।

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नई दिल्ली, जेएनएन। नोटबंदी के एक महीने पूरे होने के बाजवूद देश में नकदी संकट यथास्थिति रहने पर जहां एक तरफ विपक्षी दलों ने ब्लैक डे मनाकर केन्द्र सरकार को घेरने की कोशिश की है तो वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर बड़ा हमला बोला है।

राहुल ने कहा, "मैं कहता हूं प्रधानमंत्री आप आइये लोकसभा में और हमें बोलने दीजिए उसके बाद आप लोकसभा में जवाब देना। मैं बोलना चाह रहा हूं। मेरा भाषण तैयार है। भाजपा के लोग आएं, शुरू करें.... सब पता लग जाएगा।"

उन्होंन कहा कि आज सरकार के नोटबंदी के फैसले के बाद पूरे देश की जनता त्रस्त है वो बुरी तरह से सफर कर रही है, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी मुस्कुरा रहे हैं। कांग्रेस उपाध्यक्ष ने कहा, “लोकसभा में अगर मुझे बोलने दिया जाए तो मैं सब बता दूंगा कि पेटीएम कैसे पे टू मोदी होता है। कैशलेस इकोनॉमी का यह विचार सिर्फ कुछ लोगों को ज्यादा से ज्यादा फायदा पहुंचाने के लिए है और इस आइडिया ने देश को बर्बाद कर दिया है।”

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उन्होंने आगे कहा, "नोटबंदी ने आज गरीब, किसान, दैनिक कामगारों को बर्बादी की कगार पर ला खड़ा किया है। हम चाहते हैं कि सदन के अंदर नोटबंदी पर वोटिंग हो मगर सरकार नहीं चाहती है। पीएम की कथनी में पूरी तरह से बदलाव आ चुका है। पहले उन्होंने कालेधन, फिर आतंकवाद उसके बाद नकली करेंसी और अब कैशलेस इकोनॉमी की बात कर रहे हैं। पीएम मोदी भाग रहे हैं। अगर वे सदन में चर्चा के लिए आते हैं तो हम उन्हें भागने नहीं देंगे। नोटबंदी पर पीएम के जिस फैसले को बड़ा फैसला बताया जा रहा है वह एक बेतुका फैसला है, जिसने पूरे देश को बर्बाद कर दिया।"

जबकि, नोटबंदी का लगातार विरोध कर रहीं तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा, “नोटबंदी के फैसले को आज एक महीना हो चुका है। करीब 90 से भी ज्यादा मौत हो चुकी है। और कितने मोदी बाबू जी?”

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किसने क्या कहा-

मुझे पता नहीं कि एल. के. आडवाणी के बयान का कितना असर सरकार पर हुआ। लेकिन हम यह लगातार प्रयास कर रहे है कि इस पर सदन में चर्चा हो सके। पीएम ने पहले कहा पांच दिन फिर उसके बाद पांच हफ्ते और अब पचास दिन। यह ठीक नहीं है क्योंकि पिछले एक महीने में पचास फीसदी भी स्थिति में सुधार नहीं आया है।
मल्लिकार्जुन खड़गे, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता

आज 30 दिन हो गए है जबसे नोटबंदी का फैसला लिया गया। हम कोई नारे नहीं रखेंगे, ब्लैक डे मनाएंगे और मौन होगा।
गुलाम नबी आजाद, कांग्रेस नेता

सही मायने में 90 फीसदी जनता के लिए काला दिन 8 नवंबर से ही शुरू हो गया था। उनके लिए एक पूरा महीना काला दिन के रूप में गुजरा है। विपक्ष का कोई व्यक्तिगत स्वार्थ नहीं है। देश के 90 फीसदी जनता के हित को ध्यान में रख कर काला दिवस मनाया गया है।
मायावती, बसपा अध्यक्ष

ये काला दिवस नहीं, काला धन का समर्थन दिवस है। गांधी जी ने सत्याग्रह का आह्वान किया था। लेकिन, आज के so called गांधी क्या कर रहे हैं?
वेंकैया नायडू, केन्द्रीय मंत्री

नोटबंदी पर विपक्षी दल मीडिया में अपनी जगह पाने के लिए प्रदर्शन कर रहे हैं जबकि सरकार सदन में बहस करने के लिए तैयार है।
अनंत कुमार, केन्द्रीय मंत्री

नोटबंदी के चलते हो रही परेशानी के खिलाफ पूरा विपक्ष संसद के सामने प्रदर्शन कर रहा है।
एन.के. प्रेमचंद्रन, आरएसपी