विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 26, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

स्कॉर्पीन दस्तावेज लीक मामले में मनोहर पर्रीकर ने कहा, ज्यादा चिंता की बात नहीं

By Rajesh KumarEdited By:
Updated: Fri, 26 Aug 2016 07:33 PM (IST)

स्कॉर्पीन पनडुब्बी से जुड़े लीक दस्तावेज पर रक्षामंत्री मनोहर पर्रीकर ने कहा कि इसमें ज्यादा चिंता की बात नहीं है।

News Article Hero Image

नई दिल्ली, प्रेट्र : स्कॉर्पीन पनडुब्बी की जानकारी लीक होने से गरमाए माहौल को हल्का करने के लिहाज से रक्षा मंत्री मनोहर पर्रीकर ने कहा है कि यह कोई बड़ी चिंता की बात नहीं है। शुक्रवार को पत्रकारों से बात करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि हम इससे कुछ चिंतित जरूर हैं, क्योंकि मंत्रालय इसे अब तक की सबसे खराब स्थिति मान रहा है।

उन्होंने कहा कि आस्ट्रेलियाई अखबार में जो दस्तावेज लीक हुए हैं, उनमें स्कॉर्पीन की हथियार प्रणाली के बारे में कोई जानकारी शामिल नहीं है। नौसेना ने आश्वस्त किया है कि ज्यादातर लीक दस्तावेजों में कोई चिंताजनक बात नहीं है। इस पनडुब्बी का समुद्र में परीक्षण अभी पूरा भी नहीं हुआ है। इस परीक्षण के बाद ही पता चलेगा कि पानी में यह पनडुब्बी किस तरह काम करेगी?

पढ़ें- स्कॉर्पियन पनडुब्बी के गोपनीय दस्तावेज लीक, रक्षा मंत्री ने नौसेना प्रमुख से मांगी रिपोर्ट

रक्षा मंत्री ने कहा कि नौसेना ने यह मामला फ्रांस के आयुध महानिदेशालय के सामने उठाया है। वहां से रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। एक पत्रकार ने उनसे पूछा कि क्या स्कॉर्पीन के दस्तावेज लीक होने का असर राफेल सौदे पर भी पड़ेगा? इस पर पर्रीकर ने कहा कि किसी कंपनी से कोई दस्तावेज लीक हो गया, क्या सिर्फ इसलिए आप सभी फ्रांसीसी उत्पादों का इस्तेमाल करना बंद कर देंगे? दोनों अलग-अलग कंपनियां हैं। दोनों के हथियार भी अलग-अलग हैं और सजा अनुबंध की शर्तो के हिसाब से ही दी जानी चाहिए। आखिर कंपनी ने जान-बूझकर दस्तावेज लीक नहीं किए हैं।

पढ़ें- जानिए, स्कॉर्पीन लीक केस में रक्षा मंत्री पर्रिकर की क्या थी पहली प्रतिक्रिया