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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 01, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मुंबई डांस बार मामले में सरकार के हलफनामे पर SC में सुनवाई

By Lalit RaiEdited By:
Updated: Tue, 01 Mar 2016 08:16 AM (IST)

महाराष्ट्र डांस बार मामले पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई होगी। सुप्रीम कोर्ट महाराष्ट्र सरकार को डांस बार के लिए लाइसेंस जारी करने को कह चुका है। लेकिन लाइसेंस देने के लिए सरकार ने जो शर्तें रखीं हैं। उनमे से कई शर्तों पर बार मालिकों को एतराज है।

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नई दिल्ली। महाराष्ट्र डांस बार मामले पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई होगी। सुप्रीम कोर्ट महाराष्ट्र सरकार को डांस बार के लिए लाइसेंस जारी करने को कह चुका है। लेकिन लाइसेंस देने के लिए सरकार ने जो शर्तें रखीं हैं। उनमे से कई शर्तों पर बार मालिकों को एतराज है। सुप्रीम कोर्ट ने इन शर्तों पर राज्य सरकार से जवाब मांगा है।

इससे पहले मुंबई डांस बार मामले में महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में एक हलफनामा दायर किया । सरकार ने हलफनामे में दलील दी कि डांस बार का सीसीटीवी कैमरे के जरिये नजदीकी पुलिस थाने में लाइव फीड देने से डांस बार संचालकों के राइट टू प्राइवेसी अधिकार का उल्लंघन नहीं होगा। इस फीड से डांस बार में काम करने वाली महिलाओं की सुरक्षा भी होगी। जोकि अक्सर डांस बार में लोगों के बर्ताव को लेकर परेशान रहती हैं।

महाराष्ट्र सरकार ने अपने हलफनामे में डांस बार मालिकों की उस दलील को भी नकार दिया है जिसमें ये कहा गया था कि सीसीटीवी फुटेज का लाइव प्रसारण नहीं हो सकता। सरकार ने कहा है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने और सुरक्षा के लिए यह जरूरी है कि डांस बार में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं। इन कैमरों को लगाने से डांस बार संचालकों के मूलभूत अधिकारों का उल्लंघन नहीं होता है। अगर डांस बार में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाते हैं तो पुलिस किसी भी अप्रिय घटना पर तुरंत मौके पर पहुंच जाएगी और महिलाओं की सुरक्षा भी होगी।

दरअसल महाराष्ट्र में डांस बार का लाइसेंस दिए जाने के लिए महाराष्ट्र सरकार की ओर से तय की गई नई शर्तों के विरोध में डांस बार संचालकों ने सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई थी। इसी याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार से जवाब मांगा था। मंगलवार को इस मामले पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी।