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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 02, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

भारी बारिश के साथ मुंबई में हाई टाइड, गलियों में घुसा पानी

By Sanjeev TiwariEdited By:
Updated: Sat, 02 Jul 2016 08:23 PM (IST)

अगले 48 घंटे में मुंबई में भारी बारिश का अनुमान है। इसके साथ ही मुंबई के समुद्र तटीय हिस्सों में तेज हवाअों के साथ ऊंची लहरें उठ रहीं है।

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राज्य ब्यूरो, मुंबई। मुंबई में पिछले 24 घंटों से भारी बरसात हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटों में भी बरसात का यही क्रम जारी रहने की उम्मीद है। मुंबई महानगर एवं आसपास के क्षेत्रों में पिछले दो दिनों से लगातार बरसात हो रही है।

पिछले 24 घंटों में दक्षिण मुंबई क्षेत्र में 60.8 मिलीमीटर एवं उपनगरों में 77 मिलीमीटर बरसात दर्ज की गई है। अगले 48 घंटे में मुंबई में भारी बारिश का अनुमान है। इसके साथ ही मुंबई के समुद्र तटीय हिस्सों में तेज हवाअों के साथ ऊंची लहरें उठ रहीं है।

इसके कारण मुंबई के कई इलाकों में पानी जमा हो गया है। सायन सहित कई रेलवे स्टेशनों पर रेल पटरियां डूब जाने के कारण उपनगरीय रेलसेवा 15 मिनट से आधा घंटा देरी से चल रही है। जलभराव के कारण सड़क पर चलने वाले वाहनों को भी दिक्कत का सामना करना पड़ा है। घाटकोपर क्षेत्र में एक दीवार गिरने से कुछ वाहनों को नुकसान पहुंचा है। महानगर पालिका की आपात राहत सेवा दल किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार है। क्योंकि अगले 24 घंटों में भी भारी बरसात की आशंका जताई गई है।


मूसलाधार बारिश की वजह से शहर के आसपास स्थित दादर, परेल, भायखला, मझगांव, माहिम, सांताक्रूज, जुहू, विले पर्ले, वर्ली, सायन, चूनाभट्टी, अंधेरी, कुर्ला, बोरीवली, दहिसर, जोगेश्वरी और अन्य इलाकों में जलभराव देखा गया, जिससे सड़क यातायात प्रभावित हुआ।

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राहत की बात यह है कि मुंबई को पेयजल की आपूर्ति करनेवाले आठ बड़े तालाबों के क्षेत्र में भी अच्छी बरसात हो रही है। लेकिन पिछले वर्ष अब तक जमा हुए जल की तुलना में इन तालाबों में अभी काफी कम पानी इकट्ठा हो सका है। मनपा उपायुक्त सुधीर नाईक के अनुसार इन तालाबों के क्षेत्रों में अभी लगातार बरसात होने पर ही साल भर की जरूरत का पानी इकट्ठा हो सकेगा।

बता दें कि पिछले वर्ष भीषण सूखा होने के कारण महाराष्ट्र के ज्यादातर बांध सूख गए हैं। पेयजल एवं कृषि के लिए जलापूर्ति करनेवाली झीलों व तालाबों में 2-3 फीसद ही पानी बचा है। मुंबई में आवासीय सोसायटियों को होनेवाली जलापूर्ति में 20 फीसद तक कटौती की जा रही है। हालांकि पिछले एक पखवाड़े में हुई बरसात ने मराठवाड़ा एवं विदर्भ को भी काफी राहत पहुंचाई है।