विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 17, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

आतंकी संगठन SIMI से जुड़ी घटनाओं के बारे में जानिए

By Abhishek Pratap SinghEdited By:
Updated: Wed, 17 Feb 2016 11:24 AM (IST)

ओडिशा के राउरकेला से प्रतिबंधित आतंकी संगठन स्टूडेंट इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया यानि सिमी के आतंकवादियों को गिरफ्तार किया गया है। ये आतंकवादी संगठन देश ही नहीं बल्कि विदेश में भी कई आतंकी घटनाओं को अंजाम दे चुका है। इसकी स्थापना साल 1977 में अलीगढ़ में हुई थी। इस पर

News Article Hero Image

नई दिल्ली। ओडिशा के राउरकेला से प्रतिबंधित आतंकी संगठन स्टूडेंट इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया यानि सिमी के आतंकवादियों को गिरफ्तार किया गया है। ये आतंकवादी संगठन देश ही नहीं बल्कि विदेश में भी कई आतंकी घटनाओं को अंजाम दे चुका है। इसकी स्थापना साल 1977 में अलीगढ़ में हुई थी। इस पर भारत सरकार ने 9/11 हमले के बाद साल 2001 में प्रतिबंधन लगा दिया था।

हालांकि, अगस्त 2008 में एक विशेष न्यायाधिकरण में सिमी पर प्रतिबंध हटा लिया फिर ये प्रतिबंध बाद में भारत के उच्चतम न्यायालय द्वारा 6 अगस्त 2008 पर बहाल किया गया। साथ ही हाल में ही 2015 में वर्तमान मोदी सरकार ने सिमी पर प्रतिबंध अनिश्चितकालीन समय हेतु बढा कर सिमी के खिलाफ कार्यवाही सख्त करके बढा दी है।

इस समूह ने 2005 में वाराणसी में हुए धमाकों की जिम्मेदारी लेकर पहली बार अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। इसके बाद उसने नवंबर 2007 में उत्तरप्रदेश में अदालतों के बाहर सिलसिलेवार विस्फोट की घटनाओं को अंजाम दिया।

इंडियन मुजाहिदीन का देश भर में कम से कम 10 सिलसिलेवार धमाकों में हाथ है, मुंबई के उपनगरीय ट्रेनों में जून 2006 में हुए धमाकों से पाँच मिनट पहले टेलीविजन चैनलों को भेजे गए ई-मेल से पर्याप्त संकेत मिलते हैं कि उन धमाकों में उसका हाथ हो सकता है।

इन धमाकों में 187 लोग मारे गए थे, उसी वर्ष मई में जयपुर, बेंगलुरु, अहमदाबाद और दिल्ली में भी हुए सिलसिलेवार धमाकों की जिम्मेदारी इंडियन मुजाहिदीन ने ली इन हमलों में 70 से अधिक लोग मारे गए थे।

यह भी पढ़ें- सिमी और आइएम के पूर्व आतंकियों के सहारे पैर जमाने की कोशिश