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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 18, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

जानिए, कौन हैं वायुुसेना में शामिल होने वाली ये तीन बहादुर बेटियां

By Atul GuptaEdited By:
Updated: Sat, 18 Jun 2016 02:03 PM (IST)

आइए हम आपको बताते हैं देश की इन तीनों बहादुर बेटियों के बारे में जोकि अब भारतीय वायुसेना के जंगी बेड़े का हिस्सा बन गई हैं।

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नई दिल्ली। भारतीय वायुसेना के लिए आज एेेतिहासिक दिन है। वायुसेना में पहली बार महिलाओं को लडाकू पायलट के कैडर में आधिकारिक रूप से शामिल कर लिया गया है। आइए हम आपको बताते हैं देश की इन तीनों बहादुर बेटियों के बारे में जोकि अब भारतीय वायुसेना के जंगी बेड़े का हिस्सा बन गई हैं। इसमें से पहली हैं मध्य प्रदेश की रहने वाली अवनी चतुर्वेदी, राजस्थान की मोहना सिंह और बिहार की भावना कंठ।

भावना कंठ


24 साल की भावना कंठ बिहार के पिछड़े जिलों में से एक दरभंगा की रहने वाली हैं। कोटा के विद्या मंदिर से अपनी माध्यमिक शिक्षा पूरी करने के बाद भावना ने मेडिकल इलेक्ट्रॉॉनिक्स में बीटेक करने के लिए बेंगलूरु के बीएमएस इंजीनियरिंग कॉलेज में दाखिला लिया। बीटेक करने के बाद भावना भारतीय वायुसेना में शामिल हुईं।

अवनी चतुर्वेदी

अवनी का जन्म मध्य प्रदेश के सतना जिले में हुआ। अवनी ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा रेवा के पास देओलोंद जिले से पूरी की। अवनी वनस्थली विश्वविद्यालय से कंप्यूटर साइंस में बीटेक की डिग्री हासिल करने के बाद भारतीय वायुसेना में शामिल हुईं। अवनी के पिता मध्य प्रदेश में ही अधिशाषी अभियंता के पद पर कार्यरत हैं। अवनी कहती हैं कि वो हमेशा से अच्छी फाइटर पायलट बनना चाहती थीं जिनपर उनके सीनियर लाइव ऑपरेशन के दौरान हमेशा भरोसा कर सकें।

मोहना सिंह

मोहना सिंह मूल रूप से राजस्थान के झुंझुनू शहर की रहने वाली हैं। उनके पिता भी भारतीय वायुसेना में हैं और उनकी मां अध्यापिका हैं। मोहना ने अपनी स्कूली पढ़ाई दिल्ली के एयरफोर्स स्कूल से पूरी की और फिर उन्होंने जीआईएमइटी अमृतसर से इलेक्ट्रॉॉनिक्स और एम्प कम्यूनिकेशन में बीटेक किया है। मोहना के पिता और दादा दोनों भारतीय वायुसेना में रही और यही वजह रही कि मोहना अपने परिवार की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए भारतीय वायुसेना में शामिल हुईं।

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