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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 26, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

अंतिम क्षणों में पद्म अवार्ड की लिस्‍ट से हटा 'मुफ्ती मोहम्‍मद सईद' का नाम

By Monika minalEdited By:
Updated: Thu, 26 Jan 2017 03:58 PM (IST)

राज्‍य में पीडीपी-भाजपा गठबंधन का नेतृत्‍व करने वाले पहले केंद्रीय गृह मंत्री सईद थे।

अंतिम क्षणों में पद्म अवार्ड की लिस्‍ट से हटा 'मुफ्ती मोहम्‍मद सईद' का नाम
अंतिम क्षणों में पद्म अवार्ड की लिस्‍ट से हटा 'मुफ्ती मोहम्‍मद सईद' का नाम

नई दिल्ली (जेएनएन)। सरकार ने बुधवार को गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर विभिन्न क्षेत्रों से 89 लोगों के लिए पद्म अवार्ड की घोषणा की है। लेकिन सूत्रों का कहना है कि इस अवार्ड के लिए तैयार की गयी सूची में अंतिम क्षणों में परिवर्तन किया गया और मुफ्ती मोहम्मद सईद का नाम हटा दिया गया।

जनवरी 2016 में सबसे पहले पीडीपी-भाजपा गठबंधन का नेतृत्व करने वाले पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री सईद ही थे।

एक अधिकारी ने बताया कि इस सूचि को अंतिम रूप देने से पहले केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने पहले इस अवार्ड से सम्मानित अनेकों विजेताओं से बात किया।

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मुफ्ती के मामले में उनका परिवार ज्यादा उत्सुक नहीं था। पीडीपी नेता ने भी इस बात की पुष्टि की कि पद्म लिस्ट में सईद को शामिल करने की बात हो रही थी।

सूत्रों के अनुसार, ‘अविभाजित मध्य प्रदेश के दिवंगत पूर्व मुख्यमंत्री सुंदर लाल पटवा, पूर्व लोकसभा स्पीकर पीए संगमा के साथ मुफ्ती का नाम भी शामिल था।‘

मार्च 2015 में भाजपा के साथ गठबंधन के बाद जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री के तौर पर सईद ने दूसरी बार कार्यभार संभाला। 7 जनवरी, 2016 में नई दिल्ली के एम्स में सईद का निधन हो गया। उनकी पुत्री महबूबा मुफ्ती ने राजनीतिक उत्तराधिकारी के तौर पर पार्टी प्रमुख का कार्यभार संभाला और राज्य की पहली महिला मुख्यमंत्री बनीं।

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