यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 18, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
सफाई से मना करने पर हॉस्टल वार्डन की दरिंदगी, कई बच्चियों के तोड़ डाले हाथ
घर साफ करने से मना करने पर हॉस्टल वार्डन शैतान बन बैठी और उसने छह मासूम बच्चियों के साथ बेहद खौफनाक सलूक किया।

श्रीनगर। एक बेहद दिल दहला देनेवाली खबर श्रीनगर से आयी है जहां श्रीनगर के गोजीबाग छात्रावास में में छह नाबालिग दलित बच्चियों के साथ बेहद खौफनाक सलूक कर उसके हाथ तोड़ दिए गए। गुरूवार को हुई इस घटना के सामने आन के बाद हॉस्टल वार्डन फरार है। इन सभी बच्चियों की उम्र 14 से 16 साल के बीच है।
टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार, ये घटना लोगों के सामने तब आयी जब राजबाग के सरकारी गर्ल्स हायर सेकेंडरी स्कूल में पढ़नेवाली ये सभी बच्चियां घायल अवस्था में स्कूल आयी। इन बच्चियों के हालात देखकर फौरन इन सभी को इलाज के लिए वहां के एसएमएच अस्पताल में भर्ती कराया गया।
स्कूल के एक कर्मचारी के मुताबिक, राज्य सरकार की तरफ से चलाए जानेवाले इस छात्रावास की हॉस्टल वार्डन शबनम ने रमदान का व्रत रखा हुआ था। उसने इन बच्चियों को घर साफ करने के लिए कहा लेकिन जब इन बच्चियों ने मना किया तो उसके बाद इन सभी का शबनम ने ये हाल किया। यही वार्डन उस स्कूल में हिंदी भी पढ़ाती है लेकिन इस घटना के बाद वो फरार चल रही हैं।
स्कूल की एक टीचर ने अपना नाम ना बताने की शर्त पर कहा कि इस छात्रावास वार्डन के खिलाफ पहले भी कई शिकायतें मिली थी। लेकिन, पहली बार ऐसा हुआ जब शारीरिक हिंसा का मामला देखना को मिला है।

