विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 22, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

काश, यूपीए ने दिया होता वाजपेयी को भारत रत्‍न : उमर

By vivek pandeyEdited By:
Updated: Mon, 22 Dec 2014 10:19 AM (IST)

उमर ने ट्वीट किया- काश यूपीए सरकार ने राजनीति से ऊपर उठकर वाजपेयी साहब को भारत रत्न दिया होता। यह सही भावना का परिचायक होता।

News Article Hero Image

नई दिल्ली। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को भारत रत्न सम्मान दिए जाने की अटकलों के बीच जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सिसासी दांव खेला है। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती यूपीए सरकार को ही पूर्व प्रधानमंत्री को देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान देना चाहिए था।

उमर ने ट्वीट किया कि 2004 से 10 साल सत्ता में रही कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूपीए सरकार ने यह मौका गंवा दिया। उमर की पार्टी नेशनल कॉफ्रेंस यूपीए सरकार का हिस्सा थी। उमर ने ट्विटर पर लिखा- काश यूपीए सरकार ने राजनीति से ऊपर उठकर वाजपेयी साहब को भारत रत्न दिया होता। यह सही भावना का परिचायक होता।

ऐसी अटकलें हैं कि भारतीय जनता पार्टी के नेता वाजपेयी को उनके जन्मदिन 25 दिसंबर पर भारत रत्न से सम्मानित किया जा सकता है। नेशनल कॉफ्रेंस और उसके पूर्व गठबंधन सहयोगी कांग्रेस के बीच पिछले कुछ महीनों से संबंध खराब चल रहे हैं।

उमर की यह टिप्पणी जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव परिणाम से महज दो दिन पहले आई है। विधानसभा चुनाव के लिए मतगणना 23 दिसंबर को होनी है और परिणाम भी उसके साथ ही आएंगे। ऐसे में इसे जम्मू-कश्मीर में भाजपा के साथ गठबंधन वाली सरकार बनाने से पहले माहौल तैयार करने के रूप में दिए गए बयान की तरह देखा जा रहा है।

मालूम हो कि जम्मू-कश्मीर में किए गए सर्वे में बताया गया है कि भाजपा को वहां दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, लेकिन वह सत्ता से दूर रह सकती है। ऐसे में उसे किसी क्षेत्रीय दल के साथ की जरूरत होगी। माना जा रहा है कि इसे देखते हुए उमर ने यह दांव फेंका है।

(साभार : नई दुनिया)

पढ़ें : बाजपेयी को भारत रत्न पर माया का समर्थन

पढ़ें : बाजपेयी के जन्मदिन कार्यक्रम पर विवाद जारी