यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 10, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
जालसाजी मामले में 250000 डॉलर देंगे भारतीय मूल के डॉक्टर
गरीब बच्चों की मदद के लिए सरकारी कार्यक्रम में झूठा दावा करने के लिए सभी डॉक्टरों को जुर्माना भरना पड़ रहा है।

न्यूयार्क, प्रेट्र। जालसाजी के एक मामले में भारतीय मूल के चिकित्सक को 250000 डॉलर भुगतान करना होगा। भारतीय मूल के डॉक्टर सहित पांच अन्य फिजीशियन भुगतान करने पर राजी हो गए हैं। पीड्रिएटिक डेंटल सेवा पेश नहीं करने और गरीब बच्चों की मदद के लिए सरकारी कार्यक्रम में झूठा दावा करने के लिए सभी डॉक्टरों को जुर्माना भरना पड़ रहा है।
समझौते के तहत अखिल रेड्डी, क्रिस्टोफर स्टीवेन विलानुएवा, तुंग मिन्ह तांग, मारिसियो डार्डानो, गैब्रिएल शाहवान में से हर एक को 250000 डॉलर भुगतान करना पड़ेगा। ये सभी अपने खिलाफ सरकारी दावे का निपटान करने के लिए यह भुगतान करेंगे।
अमेरिकी न्याय विभाग ने कहा है कि ये लोग इस समझौते में शामिल एमबी2 और डेंटल प्रैक्टिस के जिम्मेवार या आंशिक जिम्मेवार हैं। एमबी2 के प्रमुख फ्रैंक विलानुएवा को अपने निजी दायित्व का समाधान करने के लिए 100,000 डॉलर का भुगतान करना होगा।

