यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 15, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
ग्रामीणों ने मार गिराए बोको हराम के 200 आतंकी
बोको हराम के हमलों से परेशान नाइजीरियाई ग्रामीणों ने गुरुवार को आतंकियों का डटकर मुकाबला किया। आतंकियों के संभावित हमले के लिए पहले से तैयार तीन गांव के निवासियों ने इस प्रतिरोध में 200 आतंकियों को मार गिराया।

नाइजीरिया। बोको हराम के हमलों से परेशान नाइजीरियाई ग्रामीणों ने गुरुवार को आतंकियों का डटकर मुकाबला किया। आतंकियों के संभावित हमले के लिए पहले से तैयार तीन गांव के निवासियों ने इस प्रतिरोध में 200 आतंकियों को मार गिराया।
एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि काला बाल्ज क्षेत्र में ग्रामीणों ने पहले से ही आतंकियों का सामना करने की तैयारी कर ली थी। आतंकियों से मुकाबले के लिए ग्रामीणों ने एक सतर्कता समूह बनाया है। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, निगरानी समूह के लोग इस हमले से निपटने के लिए तैयार थे, क्योंकि उन्हें बोको हराम के आतंकियों के हमले की जानकारी पहले ही मिल गई थी। इस बीच, बोर्नो के प्रमुख शहर मैदुगरी में एक उच्च सैन्य कमांडर के रक्षक दल पर असंतुष्ट जवानों ने गोलीबारी की। इस गोलीबारी में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
सूत्रों ने बताया कि जवान कम वेतन और बोको हराम से लड़ने के लिए हथियारों और जरूरी उपकरणों की कमी का विरोध कर रहे हैं। मेजर जनरल क्रिस ओलुकोलेड ने इस तरह की घटना होने की बात स्वीकारते हुए कहा कि यह आंतरिक मामला है और इस पर सार्वजनिक चर्चा की जरूरत नहीं है। राष्ट्रपति गुडलक जोनाथन ने बोको हराम के विद्रोह को रोकने के लिए ठीक एक साल पहले बोर्नो और इसके आस-पास के राज्यों अदमावा और योब में आपातकाल लागू करने की घोषणा की थी।
अपहृत लड़कियों की बिना शर्त रिहाई चाहते हैं परिजन
अबुजा। नाइजीरिया में अपहृत दो सौ से अधिक लड़कियों के रिश्तेदारों ने गुरुवार को उनकी बिना शर्त रिहाई की मांग की। उनकी यह मांग सरकार द्वारा अपहृतों के बदले आतंकियों की रिहाई की शर्त को नामंजूर किए जाने के बाद आई है। नाइजीरिया के राष्ट्रपति गुडलक जोनाथन अड़े हुए हैं कि अदला-बदली की कोई बातचीत नहीं होगी। इस बीच गत 14 अप्रैल को बोको हराम द्वारा अपहृत लड़कियों में एक के रिश्तेदार अयूबा चिबोक ने कहा कि जहां तक मेरी बात है, मैं चाहता हूं कि इन लड़कियों की रिहाई बिना किसी सौदेबाजी के हो।

