विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 09, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

नहीं रहे पाक में लोगों के दिलों पर राज करने वाले अब्‍दुल सत्‍तार 'ईधी'

By Kamal VermaEdited By:
Updated: Sat, 09 Jul 2016 08:21 PM (IST)

पाकिस्‍तान में लाखों दिलों पर राज करने वाले समाजसेवी अब्‍दुल सत्‍तार ईधी का कल देर रात निधन हाेे गया। वह 92 वर्ष के थे।

News Article Hero Image

कराची। पाकिस्तान में गरीबों के मसीहा अब्दुल सत्तार ईधी का लंबी बीमारी के बाद कल निधन हो गया। गुजरात में जन्मे 92 वर्षीय ईधी ने अपनी पूरी जिंदगी मानवता और गरीबों की सेवा के लिए समर्पित कर दी थी। पाकिस्तान के अखबार द डॉन के मुताबिक कराची के नेशनल स्टेडियम में उनके लिए अंतिम प्रार्थना सभा रखी गई थी जिसमें हजारों की संख्या ने हिस्सा लिया।

इसमें शामिल होने वालों में कई बड़े नेता और सेना के उच्चाधिकारी भी थे। यहां पर उनके पार्थिव शरीर को सेना की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। इस मौके पर पंजाब सूबे के मुख्यमंत्री शाहबाज शरीफ के साथ राष्ट्रपति ममनून हुसैन भी वहां मौजूद थे। राष्ट्रपति हुसैन ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया।

एक आर्टिस्ट के कहने पर 3200 लोगों ने उतार दिए अपने कपड़े

उन्हें ईधी गांव में दफनाया जाएगा। उन्होंने खुद 25 वर्ष पहले ही उन्होंने यहां अपनी कब्र के लिए जगह भी चुन ली थी। ईधी ने यह गांव बेघरों, बेसहारों और बुजुर्गो के लिए बसाया था। उन्होंने इंतकाल से पहले ही अपने शरीर के अंगों को दान कर दिया था।' उनकी दोनों किडनियां 2013 में ही खराब हो गई थीं और डायलिसिस पर थे। नोबेल पुरस्कार के लिए कई बार नामित किए गए ईधी कई अंतरराष्ट्रीय पुरस्कारों से नवाजे गए थे।

रियल लाइफ में बने टार्जन, बच्चे को बचाने के लिए जंगल में बिता दिए 41 वर्ष

ईधी का जन्म गुजरात में हुआ था और देश के बंटवारे के दौरान वह कराची जाकर बस गए थे। जून में पूर्व राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने ईधी को इलाज के लिए विदेश भेजने का प्रस्ताव दिया था। लेकिन उन्होंने यह कहते हुए प्रस्ताव ठुकरा दिया था कि वह पाकिस्तान के सरकारी अस्पताल में इलाज कराएंगे।

चीन में हाईस्पीड रेल नेटवर्क के लिए एशिया की सबसे लंबी सुरंग बनकर तैयार