Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 29, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    विदेशी मीडिया की नजर में यह भारत की बदली नीति

    By Ravindra Pratap SingEdited By:
    Updated: Thu, 29 Sep 2016 08:32 PM (IST)

    पाकिस्तानी सीमा रेखा में घुसकर सर्जिकल ऑपरेशन को विदेशी मीडिया भारत की बदली नीति के तौर पर देख रहा है। ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    जेएनएन, नई दिल्ली। अधिकांश विदेशी मीडिया ने सर्जिकल स्ट्राइक को भारत की बदली नीति के तौर पर देखा है।

    न्यूयार्क टाइम्स:

    अगर भारतीय सेना यह दावा कर रही है कि उसने नियंत्रण रेखा से आगे जाकर सर्जिकल स्ट्राइक किया है, तो यह भी अपने पहले के उदाहरण तोड़ने जैसा है। 1999 में कारगिल संघर्ष के दौरान सेना ने यह घोषणा नहीं की थी कि उसने नियंत्रण रेखा पार की है। साफ तौर पर वह सतर्क थी कि इस तरह की घोषणा से दोनों देशों में युद्ध भड़कने का खतरा है। लेकिन लगता है, नरेंद्र मोदी सरकार को इसकी बहुत चिंता नहीं है।

    यह भी पढ़ें- म्यांमार से पीओके तक आतंकियों के खात्मे में 'थिंक टैंक' की भूमिका में डोभाल

    बीबीसी:

    नरेंद्र मोदी के सत्ता में आने के बाद उड़ी हमला सबसे बड़ा था। सरकार पर इसका जवाब देने का दबाव था। बहुतों को आशंका है कि कश्मीर को लेकर दशकों से चल रहा झगड़ा कहीं बड़े संघर्ष में न बदल जाए। लेकिन अधिकांश विश्लेषक मानते हैं कि ऐसा कुछ नहीं होगा और सिर्फ जब-तब गोलाबारी और राजनयिक जुबानी जंग चलती रहेगी।

    यह भी पढ़ें - देखें तस्वीरें : सर्जिकल स्ट्राइक के बाद भारत-नेपाल सीमा पर अलर्ट

    डेली मेल:

    भारत ने पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय समुदाय के बीच अलग-थलग करने की हाल के दिनों में कई कोशिशें की हैं। अब देखना यह होगा कि इस सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान किस तरह प्रतिक्रिया व्यक्त करता है। वैसे, पाकिस्तान में नियंत्रण रेखा के आसपास रहने वाले आम लोग काफी डरे हुए हैं। कई लोगों ने गुरुवार को अपने बच्चों को स्कूल नहीं भेजा और घरों में दुबके रहे।