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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 01, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

गूगल टैक्स ने मचाया हड़कंप, जानिए आखिर क्या है इसका मतलब

By MMI TeamEdited By:
Updated: Wed, 01 Jun 2016 06:51 PM (IST)

गूगल टैक्स आज से लागू हो गया है। ये टैक्स उन कंपनियों पर लगेगा जो ऑनलाइन विज्ञापन देती हैं। इसके जरिए सरकार कोशिश कर रही है कि वो इन कंपनियों को सरकारी टैक्स के दायरे में लेकर आए

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गूगल टैक्स आज से लागू हो गया है। ये टैक्स उन कंपनियों पर लगेगा जो ऑनलाइन विज्ञापन देती हैं। इसके जरिए सरकार कोशिश कर रही है कि वो इन कंपनियों को सरकारी टैक्स के दायरे में लेकर आए। आपको बता दें कि ऐसी कंपनियां सिर्फ ऑनलाइन ही विज्ञापन देती हैं। प्राप्त खबरों की मानें तो इन कंपनियों को 6 फीसदी का टैक्स देना पड़ेगा। जाहिर है कि गूगल हर क्लिक पर पैसा बनाती है। ऐसे में जितनी भी भारतीय कंपनियां गूगल और फेसबुक पर विज्ञापन देती हैं उन्हें अब से सरकार को टैक्स देना पड़ेगा। डिजिटल इंडिया और स्टार्टअप इंडिया की पहल के साथ सरकार की कोशिश है कि छोटी कंपनियां आगे आए। लेकिन इस टैक्स की खबर सुनने के बाद ऐसी कंपनियां थोड़ी दुखी दिखाई दे रही हैं, क्योंकि उनके विज्ञापनों को भी डिजिटल विज्ञापनों की श्रेणी में रखा जा रहा है।

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आपको बता दें कि सरकार ने पहली बार 1994 में सर्विस टैक्स लगाना शुरु किया था और इस समय सरकार इस टैक्स से करीब डेढ़ लाख करोड़ रुपये कमा रही है। समय के साथ सर्विस टैक्स भी बढ़ा है। एक समय था जब सर्विस टैक्स 5 फीसदी हुआ करता था और आज के समय में ये 15 फीसदी है। सरकार धीरे-धीरे अपना दायरा बढ़ा रही है। इसी के तहत सरकार ने गूगल टैक्स शुरु किया है। जिसके जरिए वो ऑनलाइन कमाई पर नजर रखना चाहती है। दरअसल, सरकार ने ये कदम इसलिए भी उठाया है क्योंकि गूगल, फेसबुक या दूसरी कंपनियां भारत में सर्विस पर टैक्स नहीं देती है। इसी के चलते सरकार ने गूगल टैक्स को हथियार बनाया है।