विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 24, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

आजमगढ़ में असदुद्दीन ओवैसी के प्रवेश पर प्रतिबंध

By Dharmendra PandeyEdited By:
Updated: Sun, 24 Apr 2016 09:25 AM (IST)

आजमगढ़ में कल रात को आल इंडिया मजिलस-ए-इत्तेहादुल मुसलमीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष व सांसद असदुद्दीन ओवैसी के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया। प्रतिबंध के बाद बस्ती में असदुद्दीन ओवैसी ने कहा सरकार चाहे जितना प्रतिबंध लगाये, आजमगढ़ मैं बार-बार जाऊंगा।

News Article Hero Image

लखनऊ। आजमगढ़ में कल रात को आल इंडिया मजिलस-ए-इत्तेहादुल मुसलमीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष व सांसद असदुद्दीन ओवैसी के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया। असदुद्दीन ओवैसी को लेकर दिन भर चली प्रशासनिक जिद्दोजहद और कयासों को उस समय विराम लग गया, जब खुफिया रिपोर्टों के आधार पर जिला प्रशासन ने आज होने वाले उनके रोड शो व जनसभा तो दूर, जिले में उनके प्रवेश पर ही प्रतिबंध लगा दिया।

ओवैसी कल देर रात आजमगढ़ आने वाले थे। वह जिले में प्रवेश न कर पाएं, इसके लिए जिले की सीमाओं पर चौकसी बढ़ा दी गई। एक दिन पहले मुबारकपुर का बवाल और मुलायम सिंह यादव के संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ की सुरक्षा-व्यवस्था को इसका कारण माना जा रहा है। इसके तरह-तरह से राजनीतिक निहितार्थ भी निकाले जा रहे हैं।

जिले में तैनात खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट पर 18 अप्रैल को ही ओवैसी के जिला आगमन के दौरान कई क्षेत्रों में आयोजित जनसभाओं के संबंध में गहनता से छानबीन की गई। स्थानीय खुफिया इकाई की शासन को भेजी गई आख्या रिपोर्ट में सांसद के भड़काऊ व उत्तेजक भाषण देने के कारण जिले का सांप्रदायिक माहौल बिगडऩे की आशंका थी। हिंदू संगठन भी ओवैसी के आगमन का विरोध कर रहे थे। इसके साथ ही परसों शाम मुबारकपुर कस्बे में दो पक्षों के बीच तनाव से बिगड़े माहौल को देखते हुए जिला प्रशासन ने खुफिया रिपोर्टों को आधार मानते हुए ओवैसी के जिले आगमन पर ही प्रतिबंध लगाने का निर्णय ले लिया। जिलाधिकारी सुहास एलवाई ने बताया कि शांति व्यवस्था के मद्देनजर यह कदम उठाया गया है।

आजमगढ़ किसी की जागीर नहीं

आजमगढ़ में प्रतिबंध के बाद बस्ती में असदुद्दीन ओवैसी ने कहा सरकार चाहे जितना प्रतिबंध लगाये, आजमगढ़ मैं बार-बार जाऊंगा। आजमगढ़ किसी की जागीर नहीं है। हमने जो मुद्दे उठाये हैं उनसे उत्तर प्रदेश सरकार डरती है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में जो हुआ है उसे पूरी दुनिया देख रही है। भाजपा का लोकतंत्र में विश्वास नहीं है। पुलिस के सख्त पहरे के कारण रात में उनके कई कार्यक्रमों में तब्दीली हुई। ओवैसी के संतकबीरनगर में भी रुकने का कार्यक्रम था, लेकिन ऐन वक्त पर वह बस्ती होते हुए लखनऊ रवाना हो गये।