Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 06, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    हरीश रावत अपनी करनी का फल भुगत रहे : भाजपा

    By sunil negiEdited By:
    Updated: Fri, 06 May 2016 10:18 AM (IST)

    भाजपा ने निवर्तमान मुख्यमंत्री हरीश रावत को स्टिंग मामले में सीबीआइ द्वारा समन भेजे जाने को खुद रावत की करनी का फल बताया। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अजय भट् ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    देहरादून। भाजपा ने निवर्तमान मुख्यमंत्री हरीश रावत को स्टिंग मामले में सीबीआइ द्वारा समन भेजे जाने को खुद रावत की करनी का फल बताया। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट ने कहा कि उत्तराखंड के लिए इससे शर्मनाक कुछ नहीं हो सकता कि उसके पूर्व मुख्यमंत्री से सीबीआइ पूछताछ कर रही है, मगर रावत ने जो बोया, वही अब सामने आ रहा है।

    हैरत की बात यह है कि अपने पाप को छिपाने के लिए रावत अब सीबीआइ की कार्रवाई के मामले में भी भाजपा नेताओं पर अनर्गल आरोप लगा रहे हैं।
    भट्ट ने कहा कि निवर्तमान मुख्यमंत्री उक्त स्टिंग में जिस तरह से विधायकों की खरीद फरोख्त करते नजर आ रहे हैं, उससे समूचे देश में उत्तराखंड की छवि खराब हुई है। अब सीबीआइ इस मामले में पूछताछ कर रही है और निवर्तमान मुख्यमंत्री को पूछताछ में सहयोग करना चाहिए।

    सीबीआइ द्वारा यह कार्रवाई भाजपा नेताओं के इशारे पर होने के कांग्रेस के आरोप को उन्होंने खारिज किया। उन्होंने कहा कि अपराध अपनी जगह है और फ्लोर टेस्ट अपनी जगह पर। पूर्व मुख्यमंत्री बौखलाहट में अपना पाप छिपाने के लिए अनर्गल आरोप लगा रहे हैं।
    भाजपा प्रदेश प्रवक्ता विनय गोयल ने आरोप लगाया कि निवर्तमान मुख्यमंत्री व स्पीकर ने अल्पमत को बहुमत बनाने का पाप किया। भाजपा विधायक गणेश जोशी को झूठे मुकदमे में फंसाकर जेल भेजा, तो कांग्रेस के नाराज विधायकों की सदस्यता सुनवाई का पर्याप्त मौका दिए बगैर महज सात दिन में समाप्त कर दी।

    हरीश रावत खुद बुलेट स्पीड से लोकतंत्र का दमन करना चाहते हैं और सीबीआइ की टाइमिंग की दुहाई दे रहे हैं। उन्होंने प्रदेश में जिस काले अध्याय की शुरुआत की, वो उनको जेल तक ले जाकर छोड़ेगा।
    प्रदेश मीडिया प्रभारी डा. देवेंद्र भसीन ने कहा कि सीबीआइ के समन से प्रतीत होता है कि जांच एजेंसी ने प्रथम दृष्टया मामले में हरीश रावत की संलिप्ता पाई है।

    खबरें और भी

    रावत खुद भी मान चुके हैं कि स्टिंग करने वाले पत्रकार से मिले थे। उनके द्वारा अब स्टिंग में कही गई बातों को स्वीकार किया जाना बाकी है। रावत अब अकेले पड़ गए हैं। न उनके साथ कांग्रेस हाईकमान है और न ही विधायकों का बहुमत। अपना जहाज डूबते हुए देख अब रावत बौखलाहट में भाजपा नेताओं पर अनर्गल आरोप लगा रहे हैं।

    पढ़ें:-सीबीआइ जांच में जल्दबाजी से फ्लोर टेस्ट प्रभावित करने का हो रहा प्रयासः हरीश रावत