Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 18, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    बुलाया तो सबको था, नहीं आए तो क्या करूं : एनडी

    By sunil negiEdited By:
    Updated: Wed, 19 Oct 2016 06:17 AM (IST)

    एक दौर में हर वक्त राजनेताओं से घिरे रहने वाले पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी अपने 92वें जन्मदिन पर लगभग एकाकी थे। उनके साथ इंदिरा हृदयेश व यशपाल आर्य ...और पढ़ें

    News Article Hero Image


    हल्द्वानी, [आशुतोष सिंह]: एक दौर में हर वक्त राजनेताओं से घिरे रहने वाले पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी अपने 92वें जन्मदिन पर लगभग एकाकी थे। करीबी नेताओं के नाम पर इस दौरान उनके साथ सिर्फ वित्त मंत्री इंदिरा हृदयेश व राजस्व मंत्री यशपाल आर्य ही नजर आए। जबकि, न्यौता मुख्यमंत्री हरीश रावत के साथ ही सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह, उप्र के राज्यपाल रामनाईक, मुख्यमंत्री अखिलेश यादव समेत प्रदेश के पांचों सांसदों को भेजा गया था, लेकिन, इनमें से किसी के भी न पहुंचने पर तिवारी को झटका सा लगा। सो उदास स्वर में बोले, बुलाया तो सबको था, नहीं आए तो क्या करूं। हो सकता है उनकी कोई मजबूरी रही हो।

    मंगलवार को तिवारी के जन्मदिन समारोह में सपा और कांग्रेस के दिग्गज नेताओं की गैरमौजूदगी ने पुत्र रोहित शेखर की दमदार लांचिंग की उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया। हालांकि, प्रशंसकों की मौजूदगी ने एनडी के मनोबल को गिरने नहीं दिया। इंदिरा हृदयेश व यशपाल आर्य समेत प्रदेश के कुछ अन्य नेताओं ने भी अपनी उपस्थिति से यह अहसास कराने की कोशिश की कि आज भी उनके दिलों में तिवारी के प्रति सम्मान और प्रेम में कमी नहीं।

    पढ़ें: उपेक्षा से आहत पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी

    तिवारी ने पिछली बार भी अपना जन्मदिन हल्द्वानी में ही मनाया था। यह बात और है कि तब रोहित शेखर की लांचिंग से संबंधित चर्चा नहीं हुई। जबकि, इस आयोजन में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय, मुख्यमंत्री हरीश रावत, उप्र के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव समेत कई बड़े नेताओं ने उपस्थिति दर्ज कराई थी।

    पढ़ें: एनडी का जन्मदिन बनेगा बहाना, राजनीति में रोहित को है जमाना


    इसी को देखते हुए आयोजकों ने इस बार भी उपरोक्त समेत उप्र के राज्यपाल रामनाईक, रीता बहुगुणा जोशी और प्रदेश के पांचों सांसदों को भी बुलावा भेजा था, लेकिन कोई नहीं पहुंचा। असल में इन नेताओं को एकत्र कर तिवारी इस बार रोहित शेखर की जबरदस्त लांचिंग करना चाहते थे। संभावना जताई जा रही थी कि तिवारी रोहित के कुमाऊं की किसी विस सीट से चुनाव लड़ने का एलान भी करेंगे, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ।

    पढ़ें: एनडी तिवारी के पुत्र रोहित शेखर ने कुमाऊं क्षेत्र के किसी सीट से चुनाव लड़ने का बनाया मन

    खबरें और भी