विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 21, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मेरा पढ़ने में नहीं लगता मन ...लिख छात्रा ने उठाया ये कदम

By sunil negiEdited By:
Updated: Fri, 22 Apr 2016 12:09 PM (IST)

..मैं मरने जा रही हूं। क्योंकि मैं जिंदगी से परेशान हो गई हूं। मेरा पढ़ने में मन नहीं लगता। ऐसा सुसाइड नोट कमरे में छोड़कर एक छात्रा ने दुनिया ही छोड़ दी। मृतक नर्सिग कोर्स में द्वितीय वर्ष की छात्रा थी।

News Article Hero Image

खटीमा (उधमसिंह नगर)। ..मैं मरने जा रही हूं। क्योंकि मैं जिंदगी से परेशान हो गई हूं। मेरा पढ़ने में मन नहीं लगता। ऐसा सुसाइड नोट कमरे में छोड़कर एक छात्रा ने दुनिया ही छोड़ दी। मृतक नर्सिग कोर्स में द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। छात्रा के परिजनों को सूचना दी गई है।
पिथौरागढ़ जनपद के ठिठौला मुगसल डीडीहाट क्षेत्र की रहने वाले नंदन सिंह की 22 वर्षीय पुत्री रबीना ज्याला एक नर्सिंग कालेज में जीएनएम का तीन वर्षीय कोर्स कर रही थी। वह मयूर बिहार सेक्टर में एक किराये कि कमरे में रहती थी। कोर्स में छात्रा का दूसरा वर्ष था।
पुलिस के मुताबिक आज अचानक दिन में उसने नुवान (विषाक्त पदार्थ) पी लिया। एक युवक को यह जानकारी फोन पर दी। युवक आनन-फानन में कमरे में पहुंच गया। मामले की जानकारी पुलिस को दी।
थानाध्यक्ष नरेशपाल सिंह दलबल के साथ मौके पर जा पहुंचे। बेहोश छात्रा को निजी अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने मृतक के परिजन और रिश्तेदारों को सूचित किया।
पुलिस ने शव को पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थानाध्यक्ष ने बताया कि कमरे में एक सुसाइड नोट मिला है। मामले की जांच की जा रही है। उसके बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पढ़ें:-ऋषिकेश में बीटेक के छात्र की गंगा में डूबने से मौत