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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 25, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    बाइक और स्कूटर का इंश्योरेंस कराते समय बस इन बातों का रख लें ध्यान, फुल कवरेज के साथ मिलेंगे कई और बेनेफिट

    By Sonali SinghEdited By:
    Updated: Fri, 25 Nov 2022 07:30 AM (IST)

    Tips For Bike Insurance हम सभी अपने स्कूटरों और मोटरसाइकिलों का इंश्योरेंस करवाते हैं पर बहुत बार ऐसा होता है कि क्लेम का केवल कुछ पार्ट ही बीमा कंपनि ...और पढ़ें

    How To Get Maximum Benefits From Bike insurance Coverage
    How To Get Maximum Benefits From Bike insurance Coverage

    नई दिल्ली, ऑटो डेस्क। Tips For Bike Insurance: भारत में स्कूटर और मोटरसाइकिल जैसे दोपहिया वाहनों का इंश्योरेंस करना बेहद जरूरी है। अगर आप ऐसा किए बिना अपनी गाड़ी को सड़कों पर चलाते हैं तो पकड़े जाने पर आपको भारी जुर्माना देना पड़ सकता है। वहीं, अगर किसी कारण से गाड़ी चलाते समय आपकी दुर्घटना हो जाती है और इसमें आपकी बाइक या सामने वाले की गाड़ी को नुकसान पहुंचता है, तो पूरा खर्च आपको अपने जेब से भरनी पड़ती है। इन्ही सब नुकसान से बचने के लिए लोग अपनी गाड़ियों का इंश्योरेंस करवाते हैं।

    जैसा कि हम सब जानते हैं कि गाड़ियों का इंश्योरेंस दो तरीके से किया जाता है- थर्ड पार्टी इंश्योरेंस और कम्प्रिहेंसिव इंश्योरेंस। पर क्या आपको पता है कि किसी भी कार या बाइक इंश्योरेंस को लेते समय कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। इससे आपको बीमा का पूरा कवरेज मिल सकेगा। तो चलिए इन टिप्स को जानते हैं।

    सही इंश्योरेंस का करें चुनाव

    किसी भी इंश्योरेंस को लेने से पहले यह जानना बेहद जरूरी होता है कि वह कवरेज कितना देती है। कम्प्रिहेंसिव इंश्योरेंस या डैमेज कंट्रोल इंश्योरेंस दुर्घटना होने पर सिर्फ आपकी बाइक या स्कूटर को हुए नुकसान की भरपाई करती है। वहीं, थर्ड पार्टी इंश्योरेंस में आपकी गाड़ी के साथ-साथ सामने वाले चालक को हुए नुकसान की भरपाई भी की जाती है। इसलिए, जब कभी भी गाड़ियों के लिए बीमा लेने की बात आए, हमेशा थर्ड पार्टी इंश्योरेंस का चुनाव करना ही सही समझा गया है।

    लंबे समय के लिए लें इंश्योरेंस

    आमतौर पर लोग एक साल के लिए अपनी गाड़ी का इंश्योरेंस करवाते हैं। पर आपको पता होना चाहिए कि कुछ बीमा कंपनियां लंबे समय के लिए किए जाने वाले इंश्योरेंस पर अतिरिक्त बेनेफिट देती है। उदाहरण के लिए बीमा की अवधि के दौरान चालक अगर कोई क्लेम भी करते हैं, तब भी नो-क्लेम बोनस का लाभ लिया जा सकता है। साथ ही इससे आपको बार-बार इंश्योरेंस को रिन्यू करने की झंझट से भी मुक्ति मिलती है। 

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    ऐड ऑन सर्विस

    यह सर्विस खास कम्प्रिहेंसिव इंश्योरेंस के लिए दी जाती है। बहुत-सी बीमा कंपनियां कुछ ऐड ऑफ सर्विस अपने ग्राहकों को देती है। इसमें 24X7 असिस्टेंस सर्विस, इंजन और गियरबॉक्स प्रोटेक्शन कवरेज, लॉक रिप्लेसमेंट कवरेज जैसी सर्विस दी जाती है। इसलिए, बीमा लेते समय यह पता कर लें कि इसके साथ कुछ ऐड ऑन सर्विस दी जा रही है या नहीं।

    कैशलेस इलाज की सुविधा

    कुछ बीमा कंपनियां Cashless hospitalization यानी की दुर्घटना होने पर बिना पैसे खर्च किए अस्पताल में इलाज करवाने की सुविधा देती है। इस बात का ध्यान दें कि ऐड ऑन सर्विस के तहत मिलने वाली ये सुविधा कंपनी द्वारा पार्ट में कवर हो रही है या फुल कवर की जाती है। इसलिए, इस बात की पूरी जानकारी पहले ही ले लें कि आपके द्वारा करवाई गई बीमा अस्पताल के खर्च का पूरा जिम्मा उठाएगी या नहीं।

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