बिहार सरकार की पहल: कलाकारों को इलाज, शिक्षा और कला सामग्री के लिए मिलेगी 2 लाख तक की सहायता
बिहार सरकार का कला एवं संस्कृति विभाग कलाकार कल्याण कोष के तहत कलाकारों को वित्तीय सहायता दे रहा है। चिकित्सा, ...और पढ़ें

कलाकार कल्याण कोष: बिहार के कलाकारों को मिलेगा वित्तीय सहायता का लाभ
HighLights
कलाकार कल्याण कोष से वित्तीय सहायता मिलेगी।
चिकित्सा, शिक्षा, कला प्रदर्शन हेतु लाभ।
पंजीकरण पोर्टल पर कराना अनिवार्य है।
जागरण संवाददाता, बेगूसराय। बिहार सरकार का कला एवं संस्कृति विभाग कलाकारों के कल्याण एवं उन्हें आवश्यक वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने के लिए कलाकार कल्याण कोष के तहत वित्तीय सहायता प्रदान कर रहा है।
योजना के तहत चिकित्सा एवं इलाज, प्रदर्शन एवं दृश्य कला तथा उच्च शिक्षा, अध्ययन एवं शोध कार्य के लिए विभिन्न विधाओं के पात्र कलाकारों को नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी।
इसके लिए सभी विधाओं के कलाकारों को कलाकार पंजीकरण पोर्टल पर पंजीकरण (रजिस्ट्रेशन) कराना अनिवार्य होगा। उक्त जानकारी जिल कला एवं संस्कृति पदाधिकारी श्याम कुमार सहनी ने दी।
उन्होंने कहा कि गंभीर बीमारी अथवा घायल होने की स्थिति में चिकित्सा प्रमाण-पत्र एवं संबंधित चिकित्सा दस्तावेजों के आधार पर वित्तीय सहायता दी जा सकती है।
उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा निर्धारित प्राविधानों के अनुसार कलाकार कल्याण कोष से वित्तीय सहायता केवल बिहार राज्य के पात्र कलाकारों को ही प्रदान की जाएगी।
आगे बताया कि अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रमों अथवा कला प्रदर्शनियों में आमंत्रण प्राप्त होने पर देश-विदेश में प्रस्तुति अथवा प्रदर्शन के लिए यात्रा एवं अन्य आवश्यक व्यय हेतु भी वित्तीय सहायता का प्राविधान किया गया है।
उन्होंने कहा कि देश के विश्वविद्यालयों, महत्वपूर्ण संस्थानों, राष्ट्रीय नाट्य अकादमी अथवा समकक्ष संस्थाओं में उच्च शिक्षा, अध्ययन एवं शोध कार्य के लिए भी नियमानुसार सहायता प्रदान की जा सकेगी। प्रदर्शन कला एवं दृश्य कला के क्षेत्र में कलाकारों को उपकरण, वाद्ययंत्र एवं कला सामग्री के क्रय हेतु समिति की अनुशंसा पर वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा सकती है।
जानकारी दी कि निर्धारित प्रविधान के तहत चिकित्सा एवं इलाज के लिए वास्तविक व्यय अथवा अधिकतम दो लाख तक की सहायता दी जा सकती है। प्रदर्शन एवं दृश्य कला के क्षेत्र में अधिकतम दो लाख तक तथा उपकरण, वाद्ययंत्र एवं कला सामग्री की खरीद के लिए अधिकतम 50 हजार रुपये तक की वित्तीय सहायता का प्राविधान है।
