Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 11, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Bihar News: नवगछिया DSP ने अंडरलोड ट्रक को ओवरलोड बताकर पकड़ा, ट्रक मालिक ने DGP से कर दी शिकायत; जांच हुई तो...

    By Jagran NewsEdited By: Mohit Tripathi
    Updated: Mon, 11 Dec 2023 01:48 AM (IST)

    पूर्व बिहार के चार जिलों की पुलिस विधि-व्यवस्था को दुरुस्त करने के बजाय बालू और पत्थर लदे ट्रकों को पकड़ने में अधिक व्यस्त है। पहले इस काम को दारोगा क ...और पढ़ें

    नवगछिया डीएसपी अंडरलोड ट्रक को ओवरलोड बताकर पकड़ा। (संकेत के लिए प्रयोग की गई फोटो)
    नवगछिया डीएसपी अंडरलोड ट्रक को ओवरलोड बताकर पकड़ा। (संकेत के लिए प्रयोग की गई फोटो)

    HighLights

    1. अंडरलोड ट्रक को ओवरलोड बताकर पकड़ने का आरोप।
    2. खनन और परिवहन विभाग ने ट्रक मालिक को दी क्लीनचिट।
    3. ट्रक मालिक ने डीजीपी से नवगछिया डीएसपी की शिकायत की।

    संजय सिंह, भागलपुर। पूर्व बिहार के चार जिलों की पुलिस विधि-व्यवस्था को दुरुस्त करने के बजाय बालू और पत्थर लदे ट्रकों को पकड़ने में अधिक व्यस्त है। पहले इस काम को दारोगा करते थे, अब वरीय पदाधिकारियों की दिलचस्पी भी इस मामले में बढ़ी है।

    ऐसे ही एक मामले में नवगछिया डीएसपी की शिकायत ट्रक मालिक राजेश कुमार ने डीआईजी से लेकर डीजीपी तक को ई-मेल द्वारा की है। डीएसपी द्वारा पकड़े गए ट्रक को खनन और परिवहन विभाग ने क्लीनचिट दे दी है।

    शाम ढलते ही गाड़ी पकड़ने के खेल में सड़क किनारे के थाने की पुलिस व्यस्त हो जाती है। अब इस शिकायत के बाद पुलिस अधिकारियों का पसीना छूट रहा है।

    ट्रक मालिक ने DSP पर लगाए गंभीर आरोप

    पटना निवासी ट्रक मालिक राजेश कुमार ने वरीय पुलिस अधिकारियों को भेजी गई ई-मेल में लिखा है कि उनका ट्रक गोपीकांदर (झारखंड) से पत्थर लेकर बेगूसराय आ रहा था। नवगछिया पुलिस जिले में बिहपुर के समीप एसडीपीओ की गाड़ी खड़ी थी।

    एसडीपीओ ने ट्रक रुकवाया और कागज की मांग की। चालक द्वारा कागज दिखाया जा रहा था, उस बीच एसडीपीओ के साथ वाले सिपाही ने जबरन ट्रक की चाबी छीन ली। वहां पहले से भी पांच ट्रकों को रोककर रखा गया था।

    गाड़ी चालक को एसडीपीओ ने यह निर्देश दिया कि सुबह में मालिक को मेरे पास मिलने के लिए भेजो। ट्रक मालिक का कहना है कि उन्होंने इस मामले में डीएसपी व अन्य पुलिस पदाधिकारियों से भी बात की, लेकिन किसी ने उनकी नहीं सुनी।

    खबरें और भी

    जांच रिपोर्ट में क्या सामने आया ?

    प्रवर्तन अवर निरीक्षक अनिल कुमार सिंह ने नौ दिसंबर को इस मामले की जांच कर जो रिपोर्ट समर्पित की है, वह हैरान करनेवाली है। जांच रिपोर्ट में इस बात का स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि ट्रक में किसी तरह की गड़बड़ी नहीं थी। वाहन की क्षमता 55,000 केजी माल ढोने की है, लेकिन जब वजन किया गया तो ट्रक पर 54624 केजी ही माल पाया गया।

    उन्होंने अपनी रिपोर्ट में इस बात का उल्लेख किया है कि ऐसी स्थिति में इस वाहन पर अर्थदंड नहीं लगाया जा सकता। फिर, इसकी जांच जिला खनन पदाधिकारी से करवाई गई।

    उन्होंने भी अपनी जांच रिपोर्ट में कहा कि ट्रक पर लदे पत्थर की मात्रा चालान के अनुकूल पाई गई। चालान सही है, इसलिए जब्त ट्रक को विमुक्त किया जा सकता है।

    इधर डीएसपी ओमप्रकाश अरुण का कहना है कि वाहन पर ओवरलोड की स्थिति थी। इस कारण उन्होंने वाहन को पकड़ा। खनन विभाग को ट्रक सौंप दिया गया।

    आयुक्त के निर्देश की भी नहीं करते परवाह

    हाल ही में सभी प्रमंडलीय आयुक्तों को यह निर्देश दिया गया था कि किसी भी स्थिति में अवैध खनन को रोकें, लेकिन इसका असर मुंगेर, जमुई, भागलपुर व बांका जिले में नहीं दिख रहा है। रात भर पुलिस और पासर गिरोह के सदस्य सड़कों पर चहलकदमी करते रहते हैं। बांका के बौंसी व बाराहाट के होटलों पर पुलिस और पासरों का जमघट लगा रहता है। जिला स्तर पर गठित टास्क फोर्स भी इस मामले में निष्क्रिय है।

    हाल के दिनों में ट्रक चालकों के साथ पुलिस की मनमानी बढ़ी है। अंडरलोड वाहनों को भी जांच के नाम पर परेशान किया जा रहा है। पुलिस के वरीय अधिकारी इस मामले को देखें, इससे पुलिस की छवि धूमिल हो रही है। - भानु शेखर प्रसाद सिंह, प्रदेश अध्यक्ष, ट्रक ऑनर्स एसोसिएशन

    यह भी पढ़ें: Dheeraj Sahu के ठिकानों से मिले कैश के अंबार ने बनाया 'सबसे बड़ा' रिकॉर्ड, 5 दिन बाद भी नहीं खत्म हुई नोटों की गिनती

    West Champaran News : सावधान! सहयोग करने के नामपर बदल लिया ATM कार्ड, मिनटों में उड़ा लिए 40 हजार रुपये