विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

प्रकृति की होगी जीत : घटोरा वेटलैंड को रामसर साइट का दर्जा जल्द! नाव लेकर ब‍िहपुर पहुंचे मुख्य वन संरक्षक

Published: Fri, 11 Sep 2026 09:39 AM (IST)

Ghatora Wetland Ramsar Site Bhagalpur: भागलपुर के बिहपुर स्थित सोनवर्षा घटोरा वेटलैंड को 2026 तक रामसर साइट का अंतरराष्ट्रीय दर्जा ...और पढ़ें

Ghatora Wetland Ramsar Site Bhagalpur: साल के अंत तक सोनवर्षा घटोरा वेटलैंड को मिल सकती है अंतरराष्ट्रीय पहचान, मुख्य वन संरक्षक ने किया निरीक्षण

Ghatora Wetland Ramsar Site Bhagalpur: साल के अंत तक सोनवर्षा घटोरा वेटलैंड को मिल सकती है अंतरराष्ट्रीय पहचान, मुख्य वन संरक्षक ने किया निरीक्षण

HighLights

  1. घटोरा वेटलैंड को 2026 तक रामसर साइट का दर्जा मिलेगा।

  2. मुख्य वन संरक्षक और डीएफओ ने वेटलैंड का निरीक्षण किया।

  3. ईको-टूरिज्म और स्थानीय रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।

संवाद सूत्र, बिहपुर (भागलपुर)। Ghatora Wetland Ramsar Site Bhagalpur: गंगा के उपजाऊ कछार और दियारा क्षेत्र में फैली समृद्ध प्राकृतिक धरोहर सोनवर्षा घटोरा वेटलैंड (आर्द्रभूमि) को बहुत जल्द अंतरराष्ट्रीय पटल पर बड़ी पहचान मिल सकती है।

बिहपुर प्रखंड के सोनवर्षा दियारा स्थित इस महत्वपूर्ण वेटलैंड को रामसर साइट के रूप में सूचीबद्ध किए जाने की कवायद अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। यदि सब कुछ निर्धारित कार्ययोजना के अनुरूप रहा, तो वर्ष 2026 के अंत तक घटोरा को अंतरराष्ट्रीय महत्व की वेटलैंड के रूप में वैश्विक दर्जा हासिल हो जाएगा।

इसी सिलसिले में बुधवार को बिहार सरकार के मुख्य वन संरक्षक अमित कुमार तथा भागलपुर वन प्रमंडल पदाधिकारी (डीएफओ) आशुतोष राज विभागीय टीम के साथ घटोरा पहुंचे। यहां पहुंचने पर सोनवर्षा के समाजसेवी अजय उर्फ लाली कुंवर व ग्रामीणों ने अधिकारियों का गर्मजोशी से स्वागत किया।

Ghatora Wetland Nears Ramsar Site Status by 2026 in Bhagalpur (2)

इसके बाद अधिकारियों के दल ने नाव पर सवार होकर घटोरा वेटलैंड, प्रवेश द्वार, गंगा के तटीय भूभाग और बाढ़ की वर्तमान स्थिति का बारीकी से मुआयना किया और जैव विविधता की फोटोग्राफी भी की।

पक्षी संरक्षण और पौधरोपण से संवरेगा दियारा क्षेत्र

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने क्षेत्र के पारिस्थितिकीय महत्व, प्रवासी व स्थानीय पक्षियों के पर्यावास (हैबिटेट) तथा जल-जैव विविधता के संरक्षण की संभावनाओं पर गहन मंथन किया। भागलपुर के डीएफओ आशुतोष राज ने स्पष्ट किया कि घटोरा बांध और इसके आसपास के जलमग्न क्षेत्रों में वन विभाग की ओर से बड़े पैमाने पर सघन पौधरोपण कराया जाएगा। साथ ही सोनवर्षा गांव और आसपास के इलाकों को पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी हर जरूरी तकनीकी व प्रशासनिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

  • बिहपुर प्रखंड के सोनवर्षा गंगा दियारा स्थित घटोरा वेटलैंड को वर्ष 2026 के अंत तक रामसर साइट के रूप में मिल सकती है अंतरराष्ट्रीय पहचान

  • बिहार सरकार के मुख्य वन संरक्षक अमित कुमार और भागलपुर डीएफओ आशुतोष राज ने नाव से किया वेटलैंड, गंगा तटीय क्षेत्र व जैव विविधता का निरीक्षण

  • बांध व आसपास के क्षेत्रों में वन विभाग कराएगा सघन पौधरोपण, प्रवासी पक्षियों के प्राकृतिक पर्यावास को संरक्षित करने पर बनी सहमति

  • वैश्विक मान्यता मिलने से जिले में ईको-टूरिज्म (प्रकृति पर्यटन), पक्षी संरक्षण और स्थानीय ग्रामीणों के लिए स्वरोजगार के खुलेंगे नए द्वार

विशेषज्ञों का मानना है कि घटोरा को रामसर साइट का दर्जा मिलने से न केवल भागलपुर की पर्यावरणीय साख राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत होगी, बल्कि इससे अंग क्षेत्र में ईको-टूरिज्म (प्रकृति पर्यटन) को पंख लगेंगे। देश-विदेश के पक्षी प्रेमियों व पर्यटकों के आने से स्थानीय युवाओं और ग्रामीणों के लिए गाइड, नौकायन और आतिथ्य सत्कार जैसे क्षेत्रों में रोजगार के प्रत्यक्ष अवसर पैदा होंगे।

'यह सिर्फ घटोरा की नहीं, पूरे अंग प्रदेश की जीत होगी'

निरीक्षण के दौरान वन क्षेत्र पदाधिकारी (रेंजर), वनरक्षी, पक्षीविद सह पर्यावरणविद दीपक कुमार ‘झुन्नू’ और बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे। वेटलैंड को संरक्षित कराने के लिए लगातार आवाज उठा रहीं सोनवर्षा की मुखिया नीनारानी ने इस पहल पर खुशी जताई।

मुखिया नीनारानी ने कहा कि यह सिर्फ प्रशासनिक औपचारिकता या निरीक्षण नहीं, बल्कि ग्रामीणों द्वारा वर्षों से देखे जा रहे एक बड़े सपने की ओर निर्णायक कदम है। घटोरा को रामसर साइट बनवाने की वर्षों पुरानी कोशिशों को अब वन विभाग के शीर्ष नेतृत्व के सहयोग से नई ताकत मिली है। उन्होंने उम्मीद जताई कि 2026 के अंत तक घटोरा का नाम देश और दुनिया के चुनिंदा महत्वपूर्ण वेटलैंड्स की सूची में शुमार होगा। यह उपलब्धि केवल सोनवर्षा की नहीं, बल्कि पूरे अंग प्रदेश, भागलपुर और हमारी अनमोल प्रकृति की ऐतिहासिक जीत होगी।