भोजपुर में भरत तिवारी के ब्रह्मभोज पर कटाव पीड़ितों को बांटे गए वस्त्र, बेटे की याद में अनोखी पहल
शाहपुर में भरत तिवारी के ब्रह्मभोज पर उनके माता-पिता ने जवइनियां गांव के कटाव पीड़ित परिवारों को वस्त्र वितरित किए। यह पहल बेटे की समाज सेवा की भावना ...और पढ़ें

जवइनिया गांव के कटाव पीड़ितों के बीच वस्त्र वितरित करते भरत तिवारी के पिता काशीनाथ तिवारी
HighLights
भरत तिवारी के ब्रह्मभोज पर माता-पिता ने वस्त्र बांटे।
जवइनियां गांव के कटाव पीड़ित परिवारों को मिली मदद।
बेटे की समाज सेवा की भावना को आगे बढ़ाया गया।
संवाद सूत्र, शाहपुर (भोजपुर)। आरा के शाहपुर क्षेत्र में कथित पुलिस एनकाउंटर में मारे गए बिलौटी गांव निवासी भरत तिवारी के ब्रह्मभोज के अवसर पर उनके माता-पिता ने सामाजिक सरोकार का परिचय दिया। इस मौके पर जवइनियां गांव के कटाव पीड़ित परिवारों के बीच साड़ी और धोती का वितरण किया गया। बड़ी संख्या में महिला और पुरुष लाभुकों ने इस पहल का लाभ उठाया।
माता-पिता बोले- समाज सेवा की सोच को आगे बढ़ाने का प्रयास
भरत तिवारी की मां आशा देवी और पिता काशीनाथ तिवारी ने कहा कि उनका पुत्र जवइनियां गांव के कटाव पीड़ित परिवारों की समस्याओं और उनके पुनर्वास के लिए लगातार संघर्ष करता रहा।
उन्होंने कहा कि बेटे को वापस तो नहीं लाया जा सकता, लेकिन उसके आदर्शों और समाज सेवा की भावना को आगे बढ़ाने के लिए यह छोटा-सा प्रयास किया गया है।
लाभुकों ने जताया आभार, भरत तिवारी को दी श्रद्धांजलि
कार्यक्रम के दौरान कटाव प्रभावित परिवारों को वस्त्र वितरित किए गए। साड़ी और धोती मिलने पर लाभुकों ने भरत तिवारी के माता-पिता की इस मानवीय पहल की सराहना की और दिवंगत भरत तिवारी को श्रद्धांजलि अर्पित की।
उपस्थित लोगों ने कहा कि जरूरतमंदों की मदद करना दिवंगत की स्मृति को सम्मान देने का सार्थक माध्यम है।