Bihar Weather Update: बक्सर में उमस से मिलेगी राहत, 16-17 अगस्त को भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट
बक्सर में उमस भरी गर्मी बढ़ गई है, हालांकि मौसम विभाग ने 14 से 17 अगस्त तक बारिश की संभावना ...और पढ़ें

बारिश का अलर्ट। फाइल फोटो
HighLights
बक्सर में उमस भरी गर्मी और तापमान में वृद्धि दर्ज।
14 से 17 अगस्त तक बारिश का पीला-नारंगी अलर्ट जारी।
बारिश से धान की खेती और किसानों को मिलेगी राहत।
जागरण संवाददाता, बक्सर। पिछले कुछ दिनों से वर्षापात की रफ्तार सुस्त पड़ने और तेज धूप निकलने से जिले में उमस भरी गर्मी बढ़ गई है। लालगंज कृषि विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के अनुसार, गुरुवार को न्यूनतम तापमान 28.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं अधिकतम तापमान 39.2 दर्ज किया गया है।
हालांकि भीषण उमस के कारण इसका असर 45 डिग्री से भी अधिक जैसा रहा। इस बीच मौसम विज्ञान केंद्र, पटना ने लोगों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद जताई है। मौसम विभाग के ताजा रिपोर्ट के अनुसार, 14 को कुछ स्थानों पर वर्षा के लिए पीला अलर्ट जारी किया है।
वहीं, 15 अगस्त को एक-दो स्थानों पर तथा 16 एवं 17 अगस्त के लिए जिले में वर्षा को लेकर नारंगी अलर्ट जारी किया गया है। वर्षा होने पर खेतों में नमी बढ़ने के साथ किसानों को भी राहत मिलने की उम्मीद है।
अगस्त में 581.9 मिमी. वर्षा
जिला कृषि कार्यालय की गुरुवार तक की रिपोर्ट के अनुसार, अगस्त में जिले में अब तक 581.9 मिमी. वर्षा दर्ज की गई है। हालांकि 13 अगस्त तक सामान्य वर्षापात 110.29 मिमी. के मुकाबले औसत वर्षापात 52.9 मिमी. रहा है।
इसके चलते वर्षा में 52.04% (कम) विचलन दर्ज किया गया है। प्रखंडवार आंकड़ों पर नजर डालें तो राजपुर में सर्वाधिक 126.7 मिमी. वर्षा दर्ज की गई है।
इसके बाद चौसा में 96.6, इटाढ़ी में 83.8 मिमी., बक्सर में 76.2 मिमी., केसठ में 66 मिमी. और नावानगर में 58 मिमी. वर्षा हुई है। चौगाईं में 22.2, ब्रह्मपुर में 19, डुमरांव में 17.4 मिमी., चक्की में 9 और सिमरी में सबसे कम 7 मिमी. वर्षा दर्ज की गई है।
धान की खेती में लक्ष्य पूरा
वर्षा की कमी के बावजूद जिले में धान की खेती से जुड़ी तैयारी में कृषि विभाग की रिपोर्ट के अनुसार लक्ष्य पूरा कर लिया गया है। धान बिचड़ा आच्छादन में जिले का लक्ष्य 9,778.25 हेक्टेयर था, जिसके मुकाबले इतना ही क्षेत्र आच्छादित किया गया।
इसी तरह धान के मुख्य आच्छादन का लक्ष्य 97,782.5 हेक्टेयर था और रिपोर्ट में भी 97,782.5 हेक्टेयर उपलब्धि दर्ज की गई है। सभी 11 प्रखंडों में धान बिचड़ा और धान आच्छादन की उपलब्धि शत-प्रतिशत दर्ज की गई है।
अब किसानों की नजर मौसम विभाग के 16-17 अगस्त के पूर्वानुमान पर टिकी है। यदि अच्छी वर्षा होती है, तो आमजन को उमस से राहत और खेतों में नमी की स्थिति बेहतर होने के साथ धान की फसल को भी फायदा मिलने की संभावना है।
