मां के इलाज के लिए निकली थीं शिक्षिका, स्टेशन पहुंचते ही छिन गई जिंदगी; डुमरांव में मचा कोहराम
डुमरांव रेलवे स्टेशन पर मुंबई मेल की चपेट में आने से शिक्षिका वंदना कुमारी की दर्दनाक मौत हो गई। वह अपनी बीमार मां के इलाज के लिए कोइलवर जाने हेतु स्ट ...और पढ़ें

शिक्षिका वंदना कुमारी की दर्दनाक मौत (AI फोटो)
HighLights
शिक्षिका वंदना कुमारी की डुमरांव स्टेशन पर ट्रेन हादसे में मौत।
बीमार मां के इलाज हेतु कोइलवर जाने के लिए निकली थीं।
मामा टिकट लेने गए, वह अकेली प्लेटफॉर्म की ओर बढ़ीं।
जागरण संवाददाता, डुमरांव (बक्सर)। डुमरांव रेलवे स्टेशन पर गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में शिक्षिका वंदना कुमारी की मौत हो गई। अप लाइन से गुजर रही मुंबई मेल ट्रेन की चपेट में आने से उनकी मौके पर ही जान चली गई।
घटना के बाद स्टेशन परिसर में अफरातफरी मच गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
औरंगाबाद के विद्यालय में थीं शिक्षिका
मृतका की पहचान औरंगाबाद जिले के भवानीपुर स्थित एक मध्य विद्यालय में कार्यरत शिक्षिका वंदना कुमारी के रूप में हुई है।
वह डुमरांव के टेक्सटाइल्स कॉलोनी निवासी और चक्की उच्च विद्यालय में कार्यरत लाइब्रेरियन विद्या शंकर मिश्रा के यहां आई हुई थीं।
मां के इलाज के लिए जा रही थीं कोइलवर
परिजनों के अनुसार, वंदना कुमारी की मां बीमार थीं और उनका इलाज कोइलवर में चल रहा था। गुरुवार सुबह वह अपनी मां के इलाज से जुड़े काम के लिए कोइलवर जाने हेतु डुमरांव रेलवे स्टेशन पहुंची थीं। परिवार को उम्मीद नहीं थी कि यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा।
टिकट लेने गए मामा, अकेले बढ़ीं प्लेटफॉर्म की ओर
बताया जाता है कि उनके मामा विद्या शंकर मिश्रा टिकट लेने के लिए काउंटर पर चले गए थे। इसी दौरान वंदना कुमारी अकेले प्लेटफॉर्म की ओर बढ़ रही थीं।
तभी अप लाइन से गुजर रही मुंबई मेल ट्रेन की चपेट में आ गईं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
हादसे के बाद जुटी लोगों की भीड़
घटना की जानकारी मिलते ही स्टेशन परिसर में लोगों की भीड़ जुट गई। हादसे की खबर सुनकर परिजन बदहवास हो गए। स्टेशन पर मौजूद लोगों ने भी इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया।
पुलिस ने शुरू की कानूनी प्रक्रिया
सूचना मिलने के बाद रेलवे पुलिस और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस हृदयविदारक घटना से डुमरांव समेत पूरे क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है।