Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    दरभंगा में जहां गूंज रही थीं शहनाइयां, वहीं उठी चीखें... सेप्टिक टैंक में गिरकर बच्चे की मौत

    By Pramod Kumar Edited By: Dharmendra Singh
    Updated: Fri, 15 May 2026 11:16 PM (IST)

    दरभंगा के माधोपट्टी गांव में शादी समारोह के दौरान एक चार वर्षीय बच्चे की खुले सेप्टिक टैंक में गिरने से मौत हो गई। इस दुखद घटना ने खुशियों भरे माहौल क ...और पढ़ें

    इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है। (फोटो-AI)

    इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है। (फोटो-AI)

    संवाद सहयोगी, कमतौल (दरभंगा)। शादी की शहनाइयों और खुशी के माहौल के बीच एक मासूम की मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया।

    जिस आंगन में मेहमानों की चहल-पहल थी, वहां अचानक चीख-पुकार और मातम छा गया। खेलते-खेलते चार वर्षीय अभिमान कुमार की जान नवनिर्मित सेप्टिक टैंक में गिरने से चली गई। घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया।

    शादी की खुशियां पलभर में मातम में बदली

    मधुबनी जिले के बिस्फी थाना क्षेत्र के परबत्ता गांव निवासी रामलाल राम का चार वर्षीय पुत्र अभिमान कुमार अपनी मां के साथ ननिहाल माधोपट्टी गांव आया था।

    घर में शादी समारोह की तैयारियां चल रही थीं। रिश्तेदारों का आना-जाना लगा था और बच्चे भी खुशी-खुशी खेल रहे थे। किसी ने सोचा भी नहीं था कि यह खुशी कुछ ही देर में मातम में बदल जाएगी।

    खेलते-खेलते पहुंच गया सेप्टिक टैंक के पास

    शुक्रवार की संध्या अभिमान खेलते-खेलते गांव के ही मो अजीजुल के पुत्र मो कलम के घर के पास बने नए सेप्टिक टैंक तक पहुंच गया। बताया जाता है कि टैंक खुला हुआ था। इसी दौरान अचानक उसका पैर फिसल गया और वह गहरे हौज में जा गिरा। आसपास मौजूद लोगों को इसकी भनक तक नहीं लगी।

    काफी देर तक नहीं चला पता

    कुछ समय बाद जब बच्चा घर में दिखाई नहीं दिया तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। शादी वाले घर में अफरा-तफरी मच गई। हर कोई अलग-अलग जगहों पर उसे खोजने लगा। इसी बीच शाम करीब छह बजे लोगों की नजर सेप्टिक टैंक पर पड़ी। आशंका होने पर ग्रामीणों ने हौज में देखा तो सभी के होश उड़ गए।

    शव मिलते ही मचा कोहराम

    ग्रामीणों की मदद से बच्चे को बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। मासूम का शव देखते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। गांव में भी शोक की लहर दौड़ गई। शादी वाले घर में जहां कुछ देर पहले गीत-संगीत गूंज रहे थे, वहां अब सिर्फ मातम पसरा हुआ था।