दरभंगा में जन्माष्टमी के मेले में खूनी खेल: आर्केस्ट्रा के दौरान चाकूबाजी से 1 युवक की मौत, हिरासत में 8 आरोपी
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी में आर्केस्ट्रा के दौरान चाकूबाजी में एक युवक कमलेश राम की मौत हो गई, जबकि सुमन कुमार घायल ...और पढ़ें

कमलेश राम। फाइल फोटो
HighLights
जन्माष्टमी आर्केस्ट्रा में चाकूबाजी से एक युवक की मौत।
विवाद के बाद हुई झड़प में दूसरा युवक भी घायल।
पुलिस ने घटना के संबंध में आठ लोगों को हिरासत में लिया।
संवाद सहयोगी, सिंहवाड़ा (दरभंगा)। सिमरी थाना क्षेत्र के भराठी पंचायत के कुमरपट्टी के वार्ड संख्या 12 में शनिवार की रात करीब एक बजे श्रीकृष्ण जन्माष्टमी में आर्केस्ट्रा के दौरान चाकूबाजी में गांव के रामाशीष राम के पुत्र कमलेश राम (19) की मौत हो गई। वहीं सिंहवाड़ा थाना क्षेत्र के ठकनिसा निवासी रामकिशोर राम का पुत्र सुमन कुमार (18) घायल हो गया।
सुमन अपने फूफा महेश राम के यहां कुमरपट्टी आया था। स्वजन के अनुसार, जन्माष्टमी को लेकर गांव में आर्केस्ट्रा चल रहा था। इस दौरान एनएच-27 पर कंसी और सिमरी के कुछ युवकों के बीच विवाद के बाद झड़प हो गया।
इसके बाद कंसी के युवकों ने फोन कर अपने गांव से करीब 15-20 अन्य को बुलाया। सभी कुमरपट्टी स्थित कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर झगड़े में शामिल युवकों की तलाश करने लगे और हंगामा करने लगे।
झड़प के बाद चाकू घोंपा
ग्रामीणों के समझाने-बुझाने के दौरान चाकू घोंप कमलेश राम और सुमन कुमार को घायल कर दिया। कमलेश की हालत नाजुक हो गई। उसके पेट के आंतरिक अंग बाहर निकल गए।
ग्रामीणों ने गमछे से पेट को बांधकर उसे डीएमसीएच पहुंचाया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। कमलेश गांव में ही मजदूरी करता था, जबकि सुमन कुमार का उपचार सिंहवाड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है।
उसकी स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है। घटना के बाद ग्रामीणों ने कंसी गांव के गनौर सहनी, लड्डू गोपाल, मुरारी सहनी और राकेश सहनी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
8 लोगों को हिरासत में लिया गया
सिमरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार ने बताया कि मामले में आठ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अभी तक स्वजन की ओर से आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है।
आवेदन मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद जन्माष्टमी कार्यक्रम स्थल पर अफरातफरी मच गई। आर्केस्ट्रा के दौरान चाकूबाजी की घटना से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।
कमलेश पांच बहनों और चार भाइयों में आठवें नंबर पर था। उसकी शादी नहीं हुई थी। घटना की जानकारी मिलने के बाद पूर्व मुखिया चंद्र किशोर सिंह, मुखिया प्रतिनिधि रामबाबू साह, दीपक कुमार, मुनमुन सिंह, जटाशंकर सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मृतक के स्वजन को ढाढ़स बंधाया।
बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के बाद नहीं थी पुलिस की तैनाती
घटना के बाद ग्रामीणों ने पूजा स्थल पर आर्केस्ट्रा कार्यक्रम आयोजित किए जाने और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कार्यक्रम के लिए अनुमति आवश्यक थी, तो बिना अनुमति के आर्केस्ट्रा कैसे कराया जा रहा था। वहीं बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के बावजूद कार्यक्रम स्थल पर पुलिसकर्मियों की तैनाती नहीं थी।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि मौके पर पुलिस बल की मौजूदगी रहती तो घटना को रोका जा सकता था। हालांकि, कार्यक्रम की अनुमति और पुलिस तैनाती को लेकर पुलिस की ओर से अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
घटना की सूचना मिलने के बाद सदर-टू के सीडीपीओ एसके सुमन, सिमरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार, अपर थानाध्यक्ष शशि शंकर कुमार एवं पन्नालाल सिंह समेत पुलिस पदाधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे।फारेंसिक टीम ने भी मौके पर पहुंचकर जांच की और साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने घटना के विभिन्न पहलुओं की जांच शुरू कर दी है।
