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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 22, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Bihar News: जयपुर अग्निकांड में जिंदा जला मोतिहारी का परिवार, 3 बच्चे समेत 5 लोगों की मौत

    Updated: Fri, 22 Mar 2024 06:22 PM (IST)

    राजस्थान की राजधानी जयपुर में एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ जिसमें मोतिहारी के एक ही परिवार के पांच सदस्यों की जलकर मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक खाना बना ...और पढ़ें

    जयपुर अग्निकांड में जिंदा जला मोतिहारी का परिवार। (फाइल फोटो)
    जयपुर अग्निकांड में जिंदा जला मोतिहारी का परिवार। (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. घर में भोजन बनाने के दौरान गैस सिलेंडर में लगी आग
    2. कमरे से बाहर नहीं निकल पाया परिवार का कोई भी सदस्य

    संवाद सहयोगी, फेनहारा (मोतिहारी)। राजस्थान की राजधानी जयपुर में किराए के मकान में रह रहे बिहार के एक परिवार की जलकर मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक, गुरुवार सुबह खाना बनाने के लिए जैसे ही गैस ऑन करके आग जलाई, अचानक से सिलेडंर में आग लग गई।

    जल रहे गैस सिलेंडर की आग ने पलक झपकते पूरे परिवार को मौत की नींद सुला दी। परिवार के सभी सदस्य जिंदा जल गए। हादसे का शिकार यह परिवार पूर्वी चंपारण जिले के फेनहारा थानाक्षेत्र के मधुबनी का है।

    हादसे की सूचना आने के बाद जिंदा जले राजेश कुमार यादव (26) के गांव में कोहराम है। स्वजनों के चीत्कार से पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है। राजेश के पिता सोनेलाल राय, चाचा छोटे राय व मां जयपुर के लिए रवाना हो गए हैं।

    15 साल पहले काम की तलाश में जयपुर गया था परिवार

    स्वजनों के मुताबिक, राजेश अब से करीब पंद्रह साल पहले जयपुर में काम करने गया था। बच्चों को बेहतर शिक्षा देने का सपना था, सो अपना पूरा परिवार लेकर वहां चला गया।

    पत्नी रूबी देवी (24), पुत्री इशू (07), पुत्री खुशमानी (04) व पुत्र दिलखुश (02) के साथ जयपुर के जोसल्या में किराए के एक मकान में रहता था। परिवार में सबकुछ सामान्य था।

    कैसे घटी घटना?

    गुरुवार की सुबह कमरे के दरवाजे पर गैस चूल्हा जलाया गया था। भोजन बन रहा था। इसी बीच अचानक से सिलेंडर में आग लगी। देखते-देखते आग की लपटों ने पूरे कमरे को घेर लिया।

    कमरे से कोई भी बाहर नहीं निकल पाया। स्थानीय लोगों की लाख कोशिशें काम नहीं आईं और देखते-देखते परिवार के सभी पांच सदस्य जिंदा जल गए।

    पूरे गांव में मचा कोहराम

    स्वजनों के मुताबिक आग लगने की सूचना जयपुर में रह रहे राजेश के चचेरे भाई प्रमोद कुमार को घटना की जानकारी मिली। प्रमोद भागे-भागे मौके पर पहुंचे और गांव में सूचना दी। सूचना मिलते गांव में कोहराम मच गया। प्रमोद व जयपुर पुलिस के अनुसार सिलेंडर और चूल्हा कमरे के गेट पर ही रखा था।

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    गुरुवार की सुबह करीब 7.30 भोजन बन रहा था। इसी बीच आग लगी और पूरे कमरा आग की चपेट में आ गया। घटना का जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और फायर बिग्रेड की मदद से आग पर काबू पाते हुए जले शवों को बाहर निकाला गया।

    बेटा-बेटी को पढ़ाकर आगे बढ़ाना चाहता था राजेश

    स्वजनों ने बताया कि राजेश जयपुर के औद्योगिक क्षेत्र स्थित एक निजी कंपनी में काम कर अपने परिवार को आगे बढ़ाने की जुगत में लगा था। अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा देकर आगे बढ़ाना चाहता था। अक्सर कहता था कि बच्चों को पढ़ाकर आगे बढ़ा देंगे तो गरीबी दूर होगी और परिवार में शिक्षा का संचार होगा।

    बता दें कि तीन भाईयों में राजेश दूसरे नंबर पर था। बड़े भाई अवनीश कुमार व मनीष कुमार गांव में रहते हैं। समय-समय पर दूसरे प्रदेश में काम करने के लिए जाते हैं।

    प्रशासनिक टीम ने ली घटना की जानकारी

    जिलाधिकारी सौरभ जोरवाल के निर्देश पर श्रम अधीक्षक सत्यप्रकाश के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने गांव में पहुंचकर पूरे घटना की जानकारी ली। पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की दिशा में आवश्यक प्रक्रिया की जा रही है। जिलाधिकारी ने बताया कि टीम की रिपोर्ट के बाद शीघ्र मुआवजा की राशि मृतक के आश्रित को दी जाएगी।

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