यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 13, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Khagaria News: 20 साल बाद खगड़िया के लोगों का सपना होने जा रहा पूरा, वजह जान दिल हो जाएगा खुश
Khagaria News खगड़िया के लोगों का दो दशक बाद सपना पूरा होने जा रहा है। यहां कुशेश्वर स्थान रेल परियोजना के तहत खगड़िया-अलौली रेलखंड पर पैसेंजर ट्रेन क ...और पढ़ें

HighLights
- खगड़िया के लोगों का जल्द ही एक बड़ी उम्मीद पूरी हो जाएगी
- बिहार के तीन जिलों में कुल 7 स्टेशन बनाए जाएंगे
जागरण टीम, अलौली(खगड़िया)। Khagaria News: खगड़िया- कुशेश्वर स्थान रेल परियोजना के तहत निर्मित खगड़िया-अलौली रेलखंड पर पैसेंजर ट्रेन का परिचालन अब आरंभ होने की संभावना है। बुधवार को विभाग के मुख्य संरक्षा आयुक्त द्वारा ट्रैक व स्टेशन का निरीक्षण किए जाने, इलेक्ट्रिक ट्रेन चलाकर स्पीड ट्रायल करने से दो दशक बाद लोगों को अब इस रेल खंड पर पैसेंजर ट्रेन के परिचालन आरंभ होने की उम्मीद जगी है।
खगड़िया से कुशेश्वर स्थान 44 किलोमीटर लंबी रेल परियोजना के तहत 18.7 किलोमीटर, खगड़िया से अलौली तक ही निर्माण कार्य पूर्ण हुआ है। गत वर्ष से इस रेल खंड पर माल ट्रेन का परिचालन आरंभ किया गया।
जो रैक के आवश्यकता के अनुसार ही चल रही है। इस रेल परियोजना के आरंभ होने के बाद, करीब दो दशक से अधिक समय से लोग इस रूट में पैसेंजर ट्रेन के परिचालन की आस में हैं।
1998 में तत्कालीन रेल मंत्री रामविलास पासवान ने 162 करोड़ की लागत से परियोजना को स्वीकृति दी थी। इस परियोजना की लंबाई 44 किलोमीटर है।
7 स्टेशन बनाए जाएंगे
इस परियोजना के तहत सात स्टेशन बनाए जाने हैं। जिसमें पांच स्टेशन खगड़िया जिले में, दो स्टेशन दरभंगा जिले में, और एक स्टेशन समस्तीपुर जिले में बनाया जाना है। करीब 24 वर्ष बाद इस परियोजना में अभी तक सिर्फ 18.7 किलोमीटर अलौली तक रेल ट्रैक और स्टेशन का निर्माण हुआ है।
बीते वर्ष से माल ट्रेन का परिचालन आरंभ हुआ। परंतु 26 वर्ष बाद अब तक पैसेंजर ट्रेन नहीं चली है। अलौली से आगे कुशेश्वर स्थान तक का कार्य अब भी जारी है। इस परियोजना के तहत नौ बड़े पुल बनने थे। जिस में से चार पुल ही बने हैं। जो अलौली तक बने हैं। आगे का कार्य अभी नहीं हुआ है।
खगड़िया जिले के प्रमुख पर्यटन स्थल
- कुशेश्वर स्थान: यह एक प्रमुख हिंदू तीर्थ स्थल है, जो भगवान शिव को समर्पित है।
- बिहार शरीफ: यह एक प्रमुख इस्लामी तीर्थ स्थल है, जो हजरत मखदूम साहब की मजार के लिए प्रसिद्ध है।
- खगड़िया म्यूजियम: यह एक संग्रहालय है, जो खगड़िया जिले के इतिहास और संस्कृति को प्रदर्शित करता है।
अर्थव्यवस्था और उद्योग
खगड़िया जिले की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर आधारित है। यहां के मुख्य फसलें धान, गेहूं, मक्का, और सब्जियाँ हैं। इसके अलावा, यहाँ पर कई छोटे और मध्यम आकार के उद्योग भी स्थापित हैं, जिनमें चीनी मिल, राइस मिल, और कपड़ा मिल शामिल हैं।