Bihar Police Exam Fraud : सिपाही भर्ती फर्जीवाड़े में 3 गिरफ्तार; हूबहू चेहरे के कारण हिरासत में आया जुड़वां भाई
सिपाही भर्ती परीक्षा में कथित फर्जीवाड़े के मामले में पटना सचिवालय पुलिस ने लखीसराय के किऊल से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस दौरान एक जुड़वां भ ...और पढ़ें

Bihar Police Exam Fraud
संवाद सहयोगी, लखीसराय। सिपाही भर्ती परीक्षा में हुए कथित फर्जीवाड़े के मामले में पटना सचिवालय थाना की पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने किऊल थाना पुलिस के सहयोग से शनिवार की रात विशेष छापेमारी अभियान चलाकर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। यह गिरफ्तारी किऊल थाना क्षेत्र के दो अलग-अलग ठिकानों से की गई है। पुलिस पकड़े गए सभी आरोपियों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए अपने साथ पटना ले गई है।
इन तीन आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान लाखोचक निवासी प्रकाश महतो के पुत्र आशीष कुमार और अमित कुमार के रूप में हुई है। वहीं, तीसरा आरोपी इटहरी निवासी अशोक कुमार विश्वकर्मा का पुत्र धीरज कुमार है। इन सभी पर सिपाही भर्ती परीक्षा में अवैध तरीके और फर्जीवाड़े में शामिल होने का आरोप है।
हमशक्ल होने के कारण फंस गया था जुड़वां भाई
इस छापेमारी के दौरान पुलिस ने पीरीबाजार थाना क्षेत्र के काशीचक निवासी यात्री पासवान के पुत्र आलोक कुमार को भी हिरासत में लिया था। हालांकि, पूछताछ के दौरान एक बेहद हैरान करने वाला मोड़ सामने आया। आलोक ने पुलिस को बताया कि उसका एक जुड़वां भाई अभिषेक कुमार है और दोनों की शक्ल हूबहू (एक जैसी) मिलती है।
आलोक के मुताबिक, दोनों भाइयों ने अलग-अलग तारीखों में सिपाही भर्ती की परीक्षा दी थी, लेकिन चेहरा पूरी तरह समान होने के कारण पुलिस ने उसे भी आरोपी समझ लिया। पुलिस ने जब दावों का गहन सत्यापन किया, तो आलोक की बात सच निकली। जांच में पता चला कि उसका भाई अभिषेक इस बार की सिपाही भर्ती परीक्षा में शामिल होने के लिए औरंगाबाद गया हुआ है। सच सामने आने और कागजी सत्यापन के बाद पुलिस ने आलोक कुमार को सम्मान छोड़ दिया।
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जिले में पहले भी हो चुकी हैं गिरफ्तारियां, जांच जारी
गौरतलब है कि सिपाही भर्ती परीक्षा फर्जीवाड़ा मामले का जाल काफी बड़ा है। इससे पहले भी लखीसराय जिले के बन्नूबगीचा और रामगढ़ चौक समेत अन्य थाना क्षेत्रों से कई आरोपियों की गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। पुलिस इस पूरे रैकेट की गहन जांच में जुटी है और परीक्षा में सेंधमारी करने वाले अन्य संदिग्धों की भूमिका को भी बारीकी से खंगाला जा रहा है।