विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

गंगा के बाद हरुहर का तांडव! लखीसराय के टाल व निचले इलाकों में घुसा बाढ़ का पानी, बीएनएम कॉलेज डूबा; 25 CM बढ़ा जलस्तर

Published: Sat, 05 Sep 2026 11:50 AM (IST)

Lakhisarai Badhiya Flood: लखीसराय के बड़हिया में गंगा और हरुहर नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने से बाढ़ आ गई ...और पढ़ें

HighLights

  1. गंगा-हरूहुर नदियों का जलस्तर 25 और 15 सेमी बढ़ा।

  2. बड़हिया नगर, बीएनएम कॉलेज परिसर बाढ़ में डूबा।

  3. डीएम ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर मदद का आश्वासन दिया।

संवाद सूत्र, बड़हिया (लखीसराय)। Lakhisarai Badhiya Flood: लखीसराय जिले के बड़हिया प्रखंड एवं आसपास के टाल-दियारा क्षेत्रों में दोहरी मार पड़ रही है। एक तरफ गंगा नदी अपनी सीमाएं लांघ रही है, तो दूसरी ओर हरुहर नदी का उफान भी तबाही मचाने पर आमादा है। शुक्रवार को दोनों नदियों के जलस्तर में अत्यधिक तेजी से वृद्धि दर्ज की गई।

केंद्रीय जल आयोग और प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटों के भीतर गंगा के जलस्तर में लगभग 25 सेंटीमीटर और हरुहर नदी में 15 सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। नदियों के इस उग्र रुख से समूचा गंगा दियारा इलाका लगभग पूरी तरह जलमग्न हो चुका है।

बहियार में सैकड़ों बीघे में लहलहा रही मकई और पशुचारे की फसलें गहरे पानी में समा चुकी हैं। दियारा में फंसे किसान अपने दुधारू पशुओं, मवेशियों और जरूरी गृहस्थी के साथ नदी पार कर ऊंचे तटबंधों, छतों और सुरक्षित ठिकानों पर शरण लेने को मजबूर हो रहे हैं।

Lakhisarai Floods Ganga Haruhar Rivers Submerge Barahiya

बड़हिया नगर में बाढ़ की दस्तक, बीएनएम कॉलेज परिसर डूबा

नदियों का दबाव बढ़ने से बाढ़ का पानी अब ग्रामीण क्षेत्रों से निकलकर बड़हिया नगर परिषद क्षेत्र के निचले हिस्सों में तेजी से प्रवेश कर गया है। कई रिहायशी मकानों में पानी भर चुका है, जबकि प्रतिष्ठित बीएनएम कॉलेज परिसर पूरी तरह जलमग्न हो गया है।

  • लखीसराय के बड़हिया में 24 घंटे में गंगा में 25 सेमी और हरुहर नदी के जलस्तर में 15 सेमी की भारी बढ़ोतरी

  • सैकड़ों बीघे में लगी मकई और चारे की फसलें डूबीं, दियारा से मवेशियों को लेकर ऊंचे स्थानों पर भागे ग्रामीण

  • बड़हिया नगर के वार्ड 4, 5, 6, 14, 15, 16 और बीएनएम कॉलेज परिसर में घुसा बाढ़ का पानी; रेलवे स्टेशन के पास तक पहुंचा सैलाब

  • डीएम शैलेंद्र कुमार और एसडीएम प्रभाकर कुमार ने ऐजनिघाट, पाली, फदरपुर और गिरधरपुर सहित टाल गांवों का किया स्थलीय निरीक्षण

नगर के वार्ड संख्या चार, पांच, छह, चौदह, पंद्रह और सोलह के निचले इलाकों के अलावा हिरदनबिगहा, जैतपुर और गंगासराय मोहल्लों में पानी का फैलाव लगातार जारी है। स्थिति यह है कि बड़हिया रेलवे स्टेशन, डुमरी हॉल्ट तथा गंगासराय-गिरधरपुर ग्रामीण पथ की प्रमुख पुलिया के नीचे तक बाढ़ का पानी हिलोरें मार रहा है। यदि जलस्तर में वृद्धि की रफ्तार यही रही, तो मुख्य सड़कों पर भी आवागमन बाधित हो सकता है।

टाल क्षेत्र के चौरों में फैल रहा हरुहर का पानी

उधर, विश्वप्रसिद्ध बड़हिया टाल क्षेत्र में हरुहर नदी का पानी नेहरा चौर, कोणी, चक्रदहा सहित कई प्रमुख महालों के खेतों में फैलने लगा है। टाल के निचले हिस्सों में पानी भरने से आगामी रबी बुआई की तैयारियों और खेतों की नमी को लेकर किसानों के माथे पर गहरी चिंता की लकीरें खिंच गई हैं।

Lakhisarai Floods Ganga Haruhar Rivers Submerge Barahiya (1)

डीएम और एसडीएम ने टाल गांवों का लिया जायजा, मदद का भरोसा

बाढ़ की गंभीर होती स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार, एसडीएम प्रभाकर कुमार और जिला स्तरीय आपदा व तकनीकी पदाधिकारियों के दल ने शुक्रवार को प्रभावित टाल एवं दियारा क्षेत्र का सघन दौरा किया। अधिकारियों के काफिले ने ऐजनिघाट, पाली, फदरपुर, नथनपुर और गिरधरपुर सहित दर्जनों गांवों का जायजा लिया।

डीएम शैलेंद्र कुमार ने मौके पर ग्रामीणों और किसानों से सीधे बातचीत कर वस्तुस्थिति की जानकारी ली। उन्होंने प्रभावित लोगों को ढांढस बंधाते हुए हरसंभव प्रशासनिक मदद का भरोसा दिया। डीएम ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि जलस्तर पर लगातार निगरानी रखी जाए, निचले इलाकों से लोगों को निकालने के लिए पर्याप्त सरकारी नावों की व्यवस्था सुनिश्चित हो और मवेशियों के चारे व प्लास्टिक शीट्स के वितरण में तनिक भी लापरवाही न बरती जाए।