यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 10, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bihar Bhumi Survey: नीतीश सरकार का बड़ा फैसला, विशेष भूमि सर्वेक्षण में सिर्फ विवादित जमीन की होगी मापी
बिहार में विशेष भूमि सर्वेक्षण के तहत अब विवादित जमीन की ही मापी होगी। इसके लिए अत्याधुनिक ईटीएस (इलेक्ट्रॉनिक टोटल स्टेशन) मशीन का इस्तेमाल किया जाएग ...और पढ़ें

HighLights
- ईटीएस मशीन के लिए एजेंसी से किया गया इकरारनामा, इस महीने हो जाएगी आपूर्ति
- एजेंसी खोलेगी अपना कार्यालय, कर्मी की रहेगी तैनाती
- अंचल अमीन मापी में करेंगे सहयोग, जल्द पूरा होगा काम
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। जिले में विशेष भूमि सर्वेक्षण (Bihar Bhumi Survey) के तहत अभी स्वघोषणा पत्र प्राप्त किया जा रहा है। इसके बाद किस्तवार शुरू होगा, यानी अंचल अमीन भूमि पर जाकर सीमांकन का कार्य करेंगे। इसके अलावा, जो विवादित जमीन होगी सिर्फ उसकी ही मापी कराई जाएगी।
यह कार्य ईटीएस (इलेक्ट्रॉनिक टोटल स्टेशन) मशीन से किया जाएगा। विशेष भूमि सर्वेक्षण में विवादों को जड़ से खत्म करने के लिए इस मशीन का उपयोग पहली बार किया जा रहा है।
बंदोबस्त पदाधिकारी फिरोज अख्तर ने बताया कि इस मशीन की आपूर्ति को लेकर एजेंसी से एकरारनामा किया जा चुका है। काफी संख्या में मशीन की आपूर्ति इस माह के अंत तक हो जाएगी। इसके लिए एजेंसी अपना कार्यालय भी शहर में खोलेगी।
उन्होंने बताया कि एजेंसी से तकनीकी विशेषज्ञ और कर्मी भी रहेंगे, ताकि भूमि मापी (Bihar Bhumi Mapi) में किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न नहीं हो। जिन इलाकों में मापी का कार्य होगा, वहां के अंचल अमीन इसमें सहयोग करेंगे।
पहले 20 कड़ी छोड़कर होती थी मापी:
बंदोबस्त पदाधिकारी ने बताया पहले जब मापी का कार्य किया जाता था तो गांव की जो बाउंड्री होती है, वहां से 20 कड़ी छोड़ना पड़ता था, लेकिन इस मशीन से मापी होगी तो इसकी नौबत नहीं आएगी, इसलिए ईटीएस मशीन से मापी में शुद्धता और सटीकता अधिक होती है। इससे भविष्य में विवाद उत्पन्न होने की समस्या समाप्त हो जाती है।
उन्होंने बताया कि जो एरियल सर्वे कर मैप तैयार किया गया है। उसका सत्यापन इसी मशीन से किया जाएगा। इसमें जो सुधार होगा उसका फिर प्रिंट आउट लिया जाएगा। इसके अलावा जो भी प्लॉट बनेगा। उसका जीपीएस लोकेशन लेकर ऑनलाइन अपलोड कर दिया जाएगा। इससे कभी भी कोई रैयत अपने प्लॉट का सही लोकेशन देख पाएगा। विभाग के वेबसाइट पर सबकुछ उपलब्ध रहेगा।
विदित हो कि जिले के 1719 राजस्व ग्रामीण में सर्वे का कार्य किया जा रहा है। आमसभा का आयोजन और वंशावली प्राप्त करने के बाद अभी स्वघोषणा पत्र लिया जा रहा है। इसे ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों मोड में देने की सुविधा उपलब्ध है।
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क्या है ईटीएस मशीन?
इलेक्ट्रॉनिक टोटल स्टेशन (ईटीएस) मशीन से मापी प्रक्रिया के तहत अमीन मशीन को जमीन के किनारे पर खड़ा करते हैं और मापी करने वाले खेत के किनारे पर प्रिज्म रख देते हैं। फिर बटन दबाते ही मशीन से किरणें निकलेंगी और एक प्रिज्म से दूसरे प्रिज्म की दूरी रिकॉर्ड कर लेगी। जीपीएस का भी उपयोग भी मापी के लिए होगा।