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बिहार में चीनी ने बढ़ाई मिठास की कीमत: 65 रुपये किलो पहुंचा भाव, त्योहारों से पहले बिगड़ा रसोई का बजट

Published: Wed, 19 Aug 2026 06:51 PM (IST)

बिहार में त्योहारों से पहले चीनी की कीमतें बढ़कर 65 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई हैं, जिससे आम लोगों का घरेलू बजट प्रभावित हो रहा है।

चीनी की कीमतों में उछाल

चीनी की कीमतों में उछाल

HighLights

  1. बिहार में चीनी का खुदरा भाव 65 रुपये प्रति किलो पहुंचा।

  2. त्योहारों से पहले बढ़ी कीमतों से घरेलू बजट पर असर।

  3. सरकार ने जमाखोरी रोकने के लिए चीनी पर स्टॉक लिमिट लगाई।

डिजिटल डेस्क, पटना। त्योहारों का मौसम शुरू होने से पहले बिहार में चीनी की कीमतों ने आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। राज्य के कई बाजारों में चीनी का खुदरा भाव करीब 65 रुपये प्रति किलो तक पहुंचने की बात सामने आ रही है। देशभर में भी चीनी की कीमतों में तेज उछाल दर्ज किया गया है।

एक महीने पहले 45 रुपये के आसपास, अब 65 तक पहुंचा भाव

चीनी के दाम में अचानक आई तेजी का असर सीधे घरेलू बजट पर पड़ रहा है। जिन परिवारों में रोजाना चाय और अन्य खाद्य पदार्थों में चीनी का इस्तेमाल होता है, उनके मासिक खर्च पर इसका असर पड़ना तय माना जा रहा है।

त्योहारों से पहले बढ़ी चिंता, मिठाई की लागत पर भी असर

आने वाले त्योहारों के कारण चीनी की मांग बढ़ने की उम्मीद है। ऐसे में मिठाई और अन्य खाद्य पदार्थों की लागत पर भी दबाव बढ़ सकता है। बाजार में चीनी की आपूर्ति और कीमतों को लेकर कारोबारियों की भी नजर बनी हुई है।

देशभर में थोक कीमतों में तेज उछाल, बिहार में खुदरा असर

रिपोर्ट के मुताबिक देश के कुछ प्रमुख बाजारों में थोक चीनी की कीमत करीब 5,800 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंच गई है। दो महीनों में थोक भाव में करीब 32 प्रतिशत की तेजी बताई गई है।

सरकार ने स्टॉक लिमिट लगाई, जमाखोरी पर भी नजर

बढ़ती कीमतों के बीच केंद्र सरकार ने चीनी पर स्टॉक लिमिट लागू की है और मिलों के स्टॉक की जांच के निर्देश दिए हैं। सरकार का उद्देश्य जमाखोरी और सट्टेबाजी पर रोक लगाकर बाजार में आपूर्ति सामान्य रखना है।

बिहार के लोगों को अब राहत का इंतजार

बिहार में 65 रुपये किलो तक पहुंची चीनी की कीमत ने त्योहारों से पहले आम परिवारों की चिंता बढ़ा दी है।

यदि बाजार में आपूर्ति नहीं सुधरी तो आने वाले दिनों में कीमतों पर दबाव बना रह सकता है। ऐसे में उपभोक्ताओं की नजर अब सरकार के अगले कदम और बाजार में आने वाली नई आपूर्ति पर है।