दानापुर रेल मंडल में फिर सिग्नल वायर चोरी, वंदे भारत- जनशताब्दी समेत कई ट्रेनें प्रभावित
दानापुर रेल मंडल के लखीसराय-बाढ़ रेलखंड पर दो दिन में दूसरी बार सिग्नल वायर चोरी होने से टाल जंक्शन पर रेल सेवा ठप हो गई। ...और पढ़ें
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मोकामा में खड़ी वंदे भारत ट्रेन।(जागरण)
HighLights
दानापुर रेल मंडल में दो दिन में दूसरी बार चोरी।
सिग्नल वायर कटने से टाल जंक्शन पर रेल सेवा ठप।
वंदे भारत, जनशताब्दी सहित कई ट्रेनें हुईं प्रभावित।
संवाद सूत्र, मोकामा। दानापुर रेल मंडल के लखीसराय-बाढ़ रेलखंड पर सिग्नल वायर चोरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। महज दो दिन के भीतर दूसरी बार चोरों ने टाल जंक्शन के होम सिग्नल का कापर वायर काटकर अप लाइन की रेल सेवा ठप कर दी।
लगातार हो रही इस तरह की घटनाओं ने न केवल रेल परिचालन की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था की पोल भी खोल दी है।
सोमवार रात करीब 9:30 बजे टाल जंक्शन पर चोरों ने होम सिग्नल का कापर वायर काट दिया, जिससे सिग्नल प्रणाली पूरी तरह फेल हो गई।
इसके कारण 22347 अप वंदे भारत एक्सप्रेस टाल जंक्शन पर ही रुक गई, जबकि जनशताब्दी एक्सप्रेस समेत पटना की ओर जाने वाली कई अन्य ट्रेनें भी विभिन्न स्टेशनों पर खड़ी रहीं।
समाचार लिखे जाने तक सिग्नल व्यवस्था बहाल नहीं हो सकी थी और ट्रेनों का परिचालन कागजी प्राधिकार (मैनुअल) व्यवस्था के सहारे कराया जा रहा था।
24 जुलाई की रात भी हाथीदह-मोकामा रेलखंड पर मोकामा के निकट अप आउटर सिग्नल के पास कॉपर वायर काटे जाने से करीब एक घंटे तक रेल परिचालन बाधित रहा था।
उस समय 22347 अप वंदे भारत एक्सप्रेस, 12023 हावड़ा-पटना जनशताब्दी एक्सप्रेस, हावड़ा-हरिद्वार तथा साहेबगंज इंटरसिटी समेत कई महत्वपूर्ण ट्रेनें विभिन्न स्टेशनों पर खड़ी रहीं। बाद में रेलवे कर्मियों ने तकनीकी खराबी दूर कर परिचालन बहाल किया था।
रेलवे की सुरक्षा पर सवाल
लगातार दूसरी घटना ने रेलवे सुरक्षा तंत्र की प्रभावशीलता पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। जिस रेलखंड से प्रतिदिन वंदे भारत जैसी प्रीमियम ट्रेनें और दर्जनों मेल-एक्सप्रेस गुजरती हैं, वहां बार-बार सिग्नल वायर चोरी होना सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता पर सवाल खड़े कर रहा है।
यात्रियों का कहना है कि यदि चोर इतनी आसानी से रेलवे के महत्वपूर्ण सिग्नल सिस्टम तक पहुंचकर तार काट सकते हैं, तो यह केवल संपत्ति की चोरी नहीं बल्कि रेल परिचालन और हजारों यात्रियों की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला है।
रेलवे सूत्रों के अनुसार, घटना की जांच शुरू कर दी गई है। आरपीएफ और संबंधित विभाग की टीमें मौके पर पहुंचकर वायर चोरी के कारणों और सुरक्षा में हुई चूक की पड़ताल कर रही हैं।