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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 22, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Bihar Politics: कांग्रेसी देखते रह गए... लालू यादव ने चुपके से कर दिया बड़ा खेल, 40 में से 15 सीटें फाइनल

    Updated: Fri, 22 Mar 2024 08:50 PM (IST)

    Mahagathbandhan Seat Sharing News एनडीए के घटक दलों में सीट शेयरिंग के बाद उम्मीदवारों की घोषणा हो रही है। वहीं महागठबंधन में सीट शेयरिंग के बगैर ही ...और पढ़ें

    राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद अब तक राजद के 10 प्रत्याशियों को दिया सिंबल। (फाइल फोटो)
    राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद अब तक राजद के 10 प्रत्याशियों को दिया सिंबल। (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. अब तक राजद के 10 प्रत्याशियों को मिल चुका है सिंबल
    2. कांग्रेस की सीटें एक-दो दिनों में तय होने की आशा

    राज्य ब्यूरो, पटना। Lok Sabha Elections 2024 । घटक दलों की सीटें घोषित कर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) में प्रत्याशी तय हो रहे, जबकि महागठबंधन में सीट शेयरिंग के बगैर ही सिंबल बांटे जा रहे।

    राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद अब तक राजद के 10 प्रत्याशियों को सिंबल दे चुके हैं और वाम दलों को उनकी पसंद की पांच सीटें भी मिल गई हैं, जबकि कांग्रेस अनभिज्ञ है। अभी तक उसको पता ही नहीं कि उसे कितनी और कौन-सी सीटें मिल रहीं।

    शुक्रवार को प्रेस-वार्ता में पूछे जाने पर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि महागठबंधन में किसे सिंबल मिल रहा और कौन दे रहा। सीट बंटवारे की बात सार्वजनिक रूप से नहीं होती है। कांग्रेस की सीटें एक-दो दिन में तय हो जाएंगी।

    अखिलेश के इस बयान से पहले ही लालू द्वारा राजद प्रत्याशियों को सिंबल दिए जाने की बात सार्वजनिक हो चुकी थी। यह भी लगभग तय है कि उनकी दो बेटियां, मीसा भारती और रोहिणी आचार्य, क्रमश: पाटलिपुत्र और सारण से दांव आजमाएंगी।

    इस बीच वाम दल भी अपने प्रत्याशियों की घोषणा करने लगे हैं। इस दांव-पेच के बीच कांग्रेस के लिए धैर्य का एकमात्र आधार यह है कि अभी नामांकन पहले चरण की चार सीटों के लिए हो रहा, जिन पर वह पिछली बार भी मैदान में नहीं थी।

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    परंपरागत सीटें भी कांग्रेस को धोना पड़ रहा हाथ

    विजेता और निकटतम प्रतिद्वंद्विता के साथ परंपरागत सीटें बंटवारे का आधार होती हैं। कांग्रेस के लिए इस बार यह आधार भी ध्वस्त हो चुका है।

    औरंगाबाद उसकी परंपरागत सीट रही है, जो लगातार दूसरी बार उसे नहीं मिली। पिछली बार वह मुंगेर में वह दूसरे स्थान पर रही थी। इस बार उससे भी निराश होना पड़ रहा।

    वाम दलों से अवधेश और संजय

    भाकपा को बेगूसराय, माकपा को खगड़िया, भाकपा (माले) को नालंदा, आरा और काराकाट सीट मिली है। हालांकि, महागठबंधन की ओर से इसकी औपचारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन वाम दल अपने प्रत्याशियों के नाम घोषित करने लगे हैं।

    बेगूसराय से अवधेश कुमार राय भाकपा के प्रत्याशी हैं। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव डी. राजा ने शुक्रवार को उनके नाम की घोषणा की। उन्होंने बिहार की सभी 40 सीटों पर जीत का दावा किया है।

    माकपा की राज्य सचिवालय मंडल की ओर से खगड़िया से संजय कुमार का नाम तय हुआ है। यथाशीघ्र आधिकारिक घोषणा होगी।

    माले के पोलित ब्यूरो के एक वरिष्ठ सदस्य ने बताया कि तीन सीटों पर उसके तीन प्रत्याशियों के नामों पर विचार-विमर्श चल रहा है। अगले कुछ दिनों में नाम घोषित हो जाएंगे।

    राजद के प्रत्याशी

    औरंगाबाद से अभय सिंह कुशवाहा, नवादा से श्रवण कुशवाहा, गया से कुमार सर्वजीत और जमुई से अर्चना रविदास को गुरुवार को राजद ने सिंबल दिया था। ये चारों पहले चरण की सीटें हैं।

    शुक्रवार को बांका से जय प्रकाश नारायण यादव, मुंगेर से अनिता कुमारी (अशोक महतो की पत्नी), पाटलिपुत्र से डॉ. मीसा भारती, जहानाबाद से सुरेंद्र यादव और बक्सर से सुधाकर सिंह और उजियारपुर से आलोक मेहता को सिंबल मिला है।

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