मोकामा में नोट डबलिंग सिंडिकेट का भंडाफोड़, बिहार सहित कई राज्यों में फैला नेटवर्क, 2 अरेस्ट
पटना के मोकामा में नोट डबलिंग करने वाले एक बड़े सिंडिकेट का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस ने इस गिरोह के दो मुख्य सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिसका जाल कई र ...और पढ़ें

मोकामा में नोट डबलिंग सिंडिकेट का भंडाफोड़ (AI Generated Image)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
संवाद सूत्र, मोकामा (पटना)। मोकामा प्रखंड के रामपुर-डूमरा गांव में नोट डबलिंग करने वाले एक बड़े सिंडिकेट का पचमहला पुलिस ने उद्भेदन (खुलासा) किया है। इस सिंडिकेट का जाल बिहार, झारखंड समेत कई राज्यों तक फैला हुआ है। मामले का खुलासा होते ही सिंडिकेट के दो बड़े सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
कई लोगों को हिरासत में पूछताछ की जा रही है, साथ ही बाढ़ एसडीपीओ के नेतृत्व में कई स्थानों पर लगातार छापामारी चल रही है। जानकारी के अनुसार, रामपुर-डूमरा गांव का एक शख्स नोट डबलिंग करने वाले सिंडिकेट का मुख्य सरगना है। इस सिंडिकेट में मुख्य सरगना की तीन पीढी भी संलिप्त बताई जा रही है।
कई राज्यों में फैला सिंडिकेट का जाल
सिंडिकेट का जाल बिहार, झारखंड, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बंगाल समेत कई राज्यों तक फैला हुआ है। सिंडिकेट से सैकड़ों लोग जुड़े हुए हैं। इंजीनियर, डॉक्टर, सफेदपोश और अन्य लोगों की बड़ी फौज सिंडिकेट के लिए लोगों को फांसने का काम करती है।
बताया जाता है कि सिंडिकेट के सदस्य लोगों को नोट डबलिंग करने का झांसा देकर रामपुर-डूमरा में मुख्य सरगना से मुलाकात कराते हैं और फिर शुरू होता है नोट दुगूना करने का गोरखधन्धा। एक बार सिंडिकेट की गिरफ्त में आने पर प्रभावित लोगों की सारी संपत्ति तक बिक जाती है।
खबरें और भी
ग्रामीणों ने बताया कि नए लोगों को सिंडिकेट सरगना एक लाख कैश के बदले दो लाख रुपये का असली नोट देता है और फिर पीड़ित व्यक्ति अपनी सारी संपत्ति बेचकर सिंडिकेट का सरगना को करोड़ों रुपये पहुंचा जाता है। असली खेल यहीं से शुरू होता है।
जानकारी के अनुसार, सरगना मोटी रकम मिलते ही इसे हड़प जाता है और पीड़ित व्यक्ति को मारपीट कर खदेड़ देता है। इस गोरखधंधे में सिंडिकेट के बिचौलियों को कमीशन दिया जाता है। नोट डबलिंग के इस मामले का उद्भेदन जमुई के एक पीड़ित व्यक्ति की शिकायत पर हुआ है।
पचमहला थाने में प्राथमिकी दर्ज कर, जब थानाध्यक्ष कुंदन कुमार ने वरीय अधिकारियों के दिशा-निर्देश पर जांच शुरु की तो परत-दर-परत सिंडिकेट का राज खुलने लगा। गुरुवार की शाम इस सिंडिकेट के दो बड़े सदस्य पुलिस के हत्थे चढ़ गये हैं।
गिरफ्तार दोनों सदस्यों से हुई पूछताछ के आधार पर कई लोगों को हिरासत में भी लिया गया है। बाढ़ एसडीपीओ एक रामकृष्णा ने इस मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि अभी कई स्थानों पर छापामारी की जा रही है।
उन्होंने विशेष जानकारी देने से मना कर दिया है, लेकिन नोट डबलिंग करने वाले इस सिंडिकेट के कई राज्यों तक तार जुड़े होने की संभावना से इंकार नहीं किया है।