यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 15, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bihar Sand Mining: अगर ऐसा किया तो रद होगा बंदोबस्तधारियों का ठेका, सीधा एक्शन लेगी नीतीश सरकार
बिहार में अवैध खनन (Illegal Mining in Bihar) पर सरकार सख्त हो गई है। अगर कोई बंदोबस्तधारी अवैध खनन में लिप्त पाया गया तो उसका ठेका रद कर दिया जाएगा। उ ...और पढ़ें

HighLights
- मंत्री ने कहा कि अवैध खनन-परिवहन बर्दाश्त नहीं होगा
- अवैध खनन रोकथाम में आमजनों की भागीदारी बढ़ेगी
राज्य ब्यूरो, पटना। बालू का अवैध खनन राज्य के लिए बड़ी समस्या है। सरकार की कोशिशों के बाद भी बालू का अवैध खनन, परिवहन रुक नहीं रहा। कई मामलों में खुद सरकारी बंदोबस्तधारी ही अवैध खनन को बढ़ावा देते हैं। जिसे देखते हुए सरकार ने निर्णय लिया है कि यदि बंदोबस्तधारी अवैध बालू खनन में पकड़े गए तो उनका ठीका ही रद कर दिया जाएगा।
भले ही उनके पास एक या एक से अधिक बालू घाट संचालन का जिम्मा हो। प्रदेश के उपमुख्यमंत्री सह खान एवं भू-तत्व मंत्री विजय कुमार सिन्हा (Vijay Kumar Sinha) ने मंगलवार को विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में उक्त निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने अवैध खनन के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाए जाने पर बल दिया।
'सघन जांच की जाएगी'
मंत्री ने बैठक में कहा कि कुछ जिलों में अनावश्यक रूप से पूर्व आवंटित खनन क्षेत्र सरेंडर किए जा रहे हैं। ऐसे मामलों में संबद्ध जिला प्रशासन से प्राप्त रिपोर्ट पर सघन जांच की जाएगी।
ध्यान दें बंदोबस्तधारी!
घाट सरेंडर करने वाले बंदोबस्तधारियों की एक घाट से अधिक होने की स्थिति में उनके दूसरे घाट की भी जांच की जाएगी। अवैध प्रचालन की स्थिति पाए जाने पर सरेंडर किए जाने वाले घाट के साथ सक्रिय घाट की भी सिक्योरिटी डिपॉजिट जब्त की जाएगी साथ ही उन्हें काली सूची में भी डाला जाएगा।
डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने दिए निर्देश
उन्होंने बैठक में निर्देश दिए कि खनन से जुड़े बंदोबस्तधारियों, के-लाइसेंसधारियों और ट्रांसपोर्टर्स की सम्मिलित बैठक बुलाई जाए, ताकि उन्हें आ रही बाधाओं के साथ राज्य में खनन परिदृश्य से जुड़े अन्य पहलुओं पर युक्तिसंगत रायशुमारी हो सके। कानूनी सलाहकारों के साथ भी जल्द ही एक बैठक कराई जाएगी।