यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 31, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
सभी पीएचसी पर होगी गर्भवती महिलाओं की एचआईवी जांच
छपरा। जिले में एड्स नियंत्रण को सफल बनाने को लेकर स्वास्थ्य समिति द्वारा अब जिले के सभी प्राथमि

छपरा। जिले में एड्स नियंत्रण को सफल बनाने को लेकर स्वास्थ्य समिति द्वारा अब जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर गर्भवती महिलाओं के लिए एचआईवी जांच अनिवार्य कर दिया है। फिलहाल गर्भवती महिलाओं का एचआईवी जांच सिर्फ सदर अस्पताल में ही उपलब्ध था। इस बाबत शुक्रवार को सदर अस्पताल परिसर में एड्स जांच पर एक प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का उद्घाटन सिविल सर्जन डा. निर्मल कुमार ने किया। प्रशिक्षण प्राप्त कर रही सभी एएनएम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जिस प्रकार जिले में पोलियो का उन्मूलन किया गया है। उसी तरह एड्स पर भी नियंत्रण पाना है इसके लिए जरूरी है कि सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर गर्भवती महिलाओं की जांच में उस दंपति का एचआईवी जांच किया जाए ताकि गर्भ में पल रहे शिशु को इससे बचाया जा सके। इस मौके पर बिहार राज्य एड्स नियंत्रण समिति के पदाधिकारी मिथिलेश पाण्डेय ने कहा कि सभी गर्भवती महिलाओं का एचआईवी जांच सुनिश्चित करना है। जिसके लिए सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर भी इसकी जांच निशुल्क उपलब्ध होगी। शिविर में सभी प्रखंडों के 50 एएनएम को प्रशिक्षण दिया गया। मौके पर प्लान इंडिया के राज्य प्रबंधक हारून रसीद, जिला स्वास्थ्य समिति से भानू शर्मा, डीपीएम धीरज कुमार, साधना कुशवाहा, पुनम कुमारी सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद थे।

