बहनों की डोली सजाने निकला था भाई, लुधियाना से पश्चिम चंपारण लौटी उसकी अर्थी
बगहा के चंदन यादव की लुधियाना में तीन मंजिला इमारत से गिरने से मौत हो गई, जिससे बहनों की शादी का सपना अधूरा रह गया। तीन माह पहले ही रोजी-रोटी की तलाश ...और पढ़ें

घटना की सूचना पर रोते बिलखते स्वजन। जागरण
HighLights
लुधियाना में तीन मंजिला इमारत से गिरकर युवक की मौत।
बहनों की शादी का सपना अधूरा रह गया, परिवार में मातम।
तीन माह पहले ही रोजी-रोटी के लिए गया था लुधियाना।
जागरण संवाददाता, बगहा (पश्चिम चंपारण)। बगहा एक प्रखंड के लगुनाहा गांव निवासी 20 वर्षीय चंदन यादव की पंजाब के लुधियाना में तीन मंजिला इमारत की छत से गिरने से मौत हो गई। घटना सोमवार की बताई जा रही है। बुधवार को जब चंदन का शव गांव पहुंचा तो पूरे इलाके में मातम छा गया। स्वजन की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया।
तीन माह पहले गया था लुधियाना
चंदन इंटर का छात्र था। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उसने पढ़ाई के साथ घर की जिम्मेदारियां संभालने का निर्णय लिया। करीब तीन माह पहले वह रोजी-रोटी की तलाश में लुधियाना गया था। उसे उम्मीद थी कि मेहनत कर वह परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारेगा।
बहनों की शादी का सपना था
चंदन की इच्छा थी कि वह मेहनत कर पैसे कमाएगा और अपनी दोनों बहनों सलोनी व ज्योति की शादी धूमधाम से करेगा। परिवार के लोगों को भी उससे काफी उम्मीदें थीं। वह घर का बड़ा बेटा था और परिवार की जिम्मेदारियों को समझता था। हालांकि, हादसे में उसकी मौत के साथ ही बहनों की शादी का सपना अधूरा रह गया।
मां का रो-रोकर बुरा हाल
चंदन की मौत की खबर सुनकर मां क्षमा देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। वह बार-बार बेटे को याद कर बेसुध हो जा रही थीं। बेटे के शव को देखते ही उनकी चीख-पुकार से माहौल और अधिक गमगीन हो गया। स्वजन उन्हें संभालने का प्रयास करते रहे।
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भाई के लौटने का इंतजार करता रहा नंदन
चंदन का छोटा भाई नंदन इस उम्मीद में था कि बड़ा भाई जल्द घर लौटेगा। उसे उम्मीद थी कि भाई उसके लिए मिठाई और नए कपड़े लेकर आएगा। हालांकि, बुधवार को चंदन का शव गांव पहुंचा। भाई की मौत से नंदन भी पूरी तरह टूट गया।
नम आंखों से अंतिम विदाई
चंदन की दोनों बहनें सलोनी और ज्योति भी भाई की मौत की खबर सुनकर बार-बार बेहोश हो रही थीं। गांव के लोग और रिश्तेदार स्वजन को ढांढस बंधाने में जुटे रहे। बुधवार को गांव में ही नम आंखों के बीच चंदन का अंतिम संस्कार कर दिया गया।