चनपटिया में अतिक्रमण हटाने गई टीम पर हमला, चालक की पिटाई और अधिकारियों से बदसलूकी
Chanpatia Encroachment Attack: चनपटिया में अतिक्रमण हटाने गई प्रशासनिक टीम पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया, जिसमें बुलडोजर चालक समेत पांच लोग घायल हो गए। ...और पढ़ें

प्रशासनिक टीम पर अतिक्रमणकारियों और उग्र ग्रामीणों ने अचानक हमला कर दिया। फोटो: जागरण
HighLights
अतिक्रमण हटाने गई टीम पर ग्रामीणों का हमला
बुलडोजर चालक और चार आवेदक गंभीर घायल
एसडीएम और सीओ से भी हुई बदसलूकी
जागरण संवाददाता, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। Chanpatia Encroachment Attack: जिले के चनपटिया प्रखंड से एक बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है।
प्रखंड की रानीपुर पंचायत के वार्ड संख्या 13 स्थित ओझा टोला गांव में गुरुवार की दोपहर अतिक्रमण हटाने पहुंची प्रशासनिक टीम पर अतिक्रमणकारियों और उग्र ग्रामीणों ने अचानक हमला कर दिया।
इस दौरान भारी पथराव किया गया और अतिक्रमण ढहा रहे बुलडोजर को निशाना बनाया गया। जब बुलडोजर चालक ने इसका विरोध किया, तो उग्र भीड़ ने उसे वाहन से नीचे खींचकर बेरहमी से पीट दिया।

मौके पर मौजूद सदर एसडीएम विकास कुमार और अंचलाधिकारी (सीओ) कमलकांत सिंह बाल-बाल बचे, लेकिन अतिक्रमणकारियों ने इन दोनों बड़े अधिकारियों के साथ भी तीखी नोकझोंक और दुर्व्यवहार किया।
चालक सहित पांच लोग घायल
अतिक्रमणकारियों द्वारा किए गए इस अचानक हमले और पथराव में बुलडोजर चालक के अलावा आवेदक पक्ष के चार लोग— रंजीत साह (32), महेंद्र साह (45), नागेंद्र साह (50) और नीरज कुमार साह (30) गंभीर रूप से घायल हो गए।
सभी घायलों को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) चनपटिया ले जाया गया। सीएचसी के चिकित्सक डॉ. नसीम अख्तर ने बताया कि सभी को प्राथमिक उपचार देने के बाद बेहतर इलाज के लिए जीएमसीएच (गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज अस्पताल), बेतिया रेफर कर दिया गया है।
नहीं हटाया था अवैध निर्माण
मामले की पृष्ठभूमि के अनुसार, रानीपुर रामपुरवा पंचायत के निवासी दीपक राज ने नवंबर 2025 में अंचल कार्यालय में चंडी राम, विनोद राम और जानकी कुंवर के खिलाफ एक अतिक्रमण वाद दर्ज कराया था।
शिकायत में आरोप था कि इन लोगों ने उनके घर जाने वाले मुख्य रास्ते पर पक्का अवैध निर्माण कर लिया है। इस मामले में अंचल अदालत में सुनवाई हुई और दोष सिद्ध होने पर अंचल कार्यालय द्वारा संबंधित अतिक्रमणकारियों को लगातार तीन बार नोटिस जारी कर खुद से कब्जा हटाने को कहा गया था, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।
एसडीएम से भी की बदसलूकी
तय कार्यक्रम के अनुसार गुरुवार को अंचलाधिकारी कमलकांत सिंह, चनपटिया थानाध्यक्ष पंकज कुमार भारी पुलिस बल के साथ अवैध निर्माण ढहाने गांव पहुंचे थे। जैसे ही बुलडोजर ने अपनी कार्रवाई शुरू की, कुछ ग्रामीण अचानक उग्र हो गए और विरोध प्रदर्शन करते हुए हिंसक हो उठे।
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भीड़ ने न सिर्फ चालक को पीटा, बल्कि साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से घटनास्थल के पास लगे सीसीटीवी कैमरों को भी तोड़ दिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए सदर एसडीएम विकास कुमार भी अतिरिक्त बल के साथ मौके पर पहुंचे, लेकिन उपद्रवियों ने उन्हें भी नहीं बख्शा और उनके साथ भी बदसलूकी की।
बाधा डालने वालों पर कड़ी कार्रवाई
घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है और मौके पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। अंचलाधिकारी कमलकांत सिंह ने मामले पर सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि कानून को हाथ में लेने और सरकारी कार्य में बाधा डालने वाले असामाजिक तत्वों की पहचान वीडियो फुटेज के आधार पर की जा रही है। इन सभी उपद्रवियों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज कर जल्द ही सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।