नेपाल से 161 किलो गांजा लेकर भारत में घुसे तीन तस्कर गिरफ्तार, दो कारों से 17 बंडल बरामद
पुलिस ने बलथर थाना क्षेत्र में नेपाल से गांजे की खेप लेकर भारतीय सीमा में प्रवेश करने वाले तीन तस्करों ...और पढ़ें

नेपाल की ओर से आईं दो कारों को रोककर तलाशी ली गई। इसमें तस्करी का खुलासा हुआ।
जागरण संवाददाता, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। Nepal Ganja Smuggling: बलथर थाना क्षेत्र में पुलिस ने नेपाल से गांजे की खेप लेकर भारतीय सीमा में प्रवेश किए तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने दो अलग-अलग कारों से एक क्विंटल 61 किलो 29 ग्राम गांजा बरामद किया है। दोनों वाहनों से गांजे के कुल 17 बंडल बरामद किए गए हैं।
गुरुवार सुबह सिकटा-बेतिया मुख्य मार्ग पर बलथर गैस गोदाम के पास पुलिस वाहन जांच कर रही थी। इसी दौरान नेपाल की ओर से आईं दो कारों को रोककर तलाशी ली गई।
तलाशी में दोनों वाहनों की डिक्की और सीट के नीचे छिपाकर रखे गांजे के बंडल बरामद हुए। गिरफ्तार तस्करों की पहचान मैनाटांड़ थाना क्षेत्र के पीपरपांती गांव निवासी सहाबुद्दीन मियां के पुत्र सबजाद मियां (28), भंगहा थाना क्षेत्र के नकरदेही निवासी इस्लाम गद्दी के पुत्र रफी आलम (35) और द्वारिका प्रसाद के पुत्र सुग्रीव प्रसाद (32) के रूप में हुई है।
एक कार सबजाद मियां और दूसरी रफी आलम चला रहा था, जबकि सुग्रीव प्रसाद एक कार में बैठा था।
गुप्त सूचना पर कार्रवाई
थानाध्यक्ष ओमप्रकाश गुप्ता ने बताया कि सूचना मिली थी कि दो कारों से गांजे की खेप लेकर तस्कर नेपाल से निकले हैं। इसके आधार पर बलथर गैस गोदाम के पास वाहन जांच शुरू की गई। करीब दस बजे नेपाल की ओर से आई दोनों कारों को रोककर तलाशी ली गई।
बीडीओ जय प्रकाश की मौजूदगी में दोनों कारों की तलाशी ली गई। पूछताछ में गिरफ्तार तस्करों ने जब्त गांजे की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत 16 लाख 12 हजार 900 रुपये बताई। पुलिस ने दोनों कारों को भी जब्त कर लिया है।
न्यायिक हिरासत में भेजे जाएंगे
मामले में प्राथमिकी दर्ज कर तीनों आरोपितों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। पुलिस गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ के आधार पर मामले से जुड़े अन्य बिंदुओं की भी जांच कर रही है। बरामद गांजे की खेप के स्रोत और इसके संभावित खरीदारों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
छापेमारी में थानाध्यक्ष ओमप्रकाश गुप्ता के अलावा एसआई सुनील सिंह, शमसाद अहमद, डीएपी के तीन जवान तथा गृह रक्षा वाहिनी के जवान शामिल थे।
