ग्राउंड रिपोर्ट: नेपाल बाढ़ में चनपटिया के 3 मजदूर लापता, 4 की बची जान, सुनाई तबाही की दास्तां
Nepal Flood Laborers Missing: नेपाल के रसुवा जिले में आए भीषण सैलाब में पश्चिम चंपारण के चनपटिया प्रखंड के तीन ...और पढ़ें

लापता समीर अंसारी के स्वजन के साथ गांव के लोग। फोटो: जागरण

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जागरण संवाददाता, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। Nepal Flood Laborers Missing: नेपाल के रसुवा जिले में आए भीषण सैलाब में पश्चिम चंपारण जिले के चनपटिया प्रखंड अंतर्गत पूर्वी तुरहापट्टी पंचायत (वार्ड नंबर-एक) के तीन मजदूर लापता हो गए हैं।
लापता मजदूरों में अरमान मियां (35), समीर अंसारी (20) और मुख्तार अंसारी (52) शामिल हैं। हालांकि सेना के हेलीकॉप्टर की मदद से रामनगर के मेहदी हसन तथा चनपटिया के मोहम्मद नेयाज, सलमान और जब्बारुल सुरक्षित घर लौट आए हैं।
परिजनों में मची चीख-पुकार
लापता तीनों व्यक्ति नेपाल में रहकर फर्नीचर बनाने और मजदूरी का कार्य करते थे। इस हादसे के बाद से उनके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और परिवार के लोग उनके सुरक्षित लौटने की आस लगाए बैठे हैं।
लापता समीर के पिता हसमुद्दीन ने बताया कि 27 जुलाई को गांव से छह लोग काम के सिलसिले और घूमने के लिए एक साथ नेपाल के रसुवा गए थे।
पहाड़ की ओर भागे
सुरक्षित वापस लौटे नेयाज मियां ने बताया कि घटना के दिन सुबह अरमान, समीर और मुख्तार पहले ही काम पर निकल चुके थे। इसके थोड़ी देर बाद जब वह मेहदी हसन के साथ निकले तो अचानक तेज आवाज के साथ गहरा धुआं उठता दिखाई दिया।
खतरे को भांपकर लोग सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे, जिसे देखकर वे दोनों भी जान बचाने के लिए तेजी से पहाड़ की ओर दौड़े।
सैलाब में मलबे का कहर
पहाड़ पर चढ़ने के दौरान ही भारी सैलाब और कीचड़-मलबा नीचे की ओर आ गिरा, जिससे चारों तरफ चीख-पुकार मच गई।
पहाड़ की ऊंचाई पर होने के कारण नेयाज और मेहदी की जान तो बच गई, लेकिन नीचे कार्यस्थल पर मौजूद अरमान, समीर और मुख्तार सैलाब की चपेट में आकर लापता हो गए। सेना ने तत्परता दिखाते हुए बचे हुए लोगों को एयरलिफ्ट कर सुरक्षित निकाला।
