यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 27, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Data Protection Bill से नहीं होगा नागरिकों की निजता का उल्लंघन, बोले केंद्रीय मंत्री राजीव चंद्रशेखर
Data Protection Bill केंद्रीय मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने एक ट्विटर लाइव के दौरान कहा कि डेटा प्रोटेक्शन बिल 2022 में डाटा प्रोटेक्शन बोर्ड (Data Protec ...और पढ़ें

नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। केंद्रीय इलेक्ट्रानिक और आईटी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने कहा कि डाटा प्रोटेक्शन बिल के तहत सरकार किसी नागरिक की निजता का उल्लंघन नहीं करेगी। सरकार केवल कुछ ही मामले जैसे राष्ट्रीय सुरक्षा, महामारी या फिर किसी प्राकृतिक आपदा के समय ही किसी व्यक्ति के निजी डाटा तक पहुंच प्राप्त कर सकेगी।
एक आनलाइन संवाद में बातचीत करते हुए मंत्री ने कहा कि नेशनल डाटा गवर्नेंस फ्रेमवर्क पालिसी में डाटा के एनोनिमाइजेशन का प्रावधान है, जो कि डिजिटल पर्सनल डाटा प्रोटेक्शन (DPDP) बिल 2022 का हिस्सा नहीं है।

Data Protection Board होगा स्वतंत्र
चंद्रशेखर ने आगे बताते हुए कहा कि नए डाटा प्रोटेक्शन बिल के तहत एक डाटा प्रोटेक्शन बोर्ड का गठन किया जाएगा, जो कि डाटा प्रोटेक्शन के मामलों से जुड़ा होगा और स्वतंत्र रूप से कार्य करेगा। इस बोर्ड में किसी भी सरकारी अधिकारी को शामिल नहीं किया जाएगा।

निजता का उल्लंघन नहीं होगा
शनिवार को हुए इस ट्विटर लाइव के दौरान केंद्रीय मंत्री से सवाल पूछा गया कि क्या सरकार इस कानून के जरिए नागरिकों की निजता में दखल देना चाहती है? इसके जवाब में उन्होंने उत्तर दिया कि बिल्कुल नहीं। बिल के ड्राफ्ट में इस बात को साफ स्पष्ट किया गया है कि कुछ स्पेशल परिस्थितियों जैसे राष्ट्रीय सुरक्षा, महामारी या फिर किसी प्राकृतिक आपदा के दौरान ही सरकार किसी व्यक्ति के निजी डाटा को प्राप्त कर सकती है।

उन्होंने आगे बताया कि बिल के प्रस्ताव में 'व्यक्तिगत डाटा सूचना के अधिकार" के तहत सरकार द्वारा अधिसूचित डाटा प्रबंधन करने वाली संस्थाओं को डाटा मालिकों के साथ डेटा प्रोसेसिंग के विवरण को साझा करने का भी प्रस्ताव है। इसके साथ ये बिल किसी व्यक्ति को डाटा प्रबंधन करने वाली संस्थाओं को गलत जानकारी साझा करने से भी रोकता है।
