सर्च करे
Home
फोकस

Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    GST Reforms: खत्म हो सकता है बीमा प्रीमियम पर लगने वाला जीएसटी! सरकार की बड़ी तैयारी; भागे बीमा कंपनियों के शेयर

    Updated: Mon, 18 Aug 2025 04:11 PM (IST)

    बीमा प्रीमियम पर लगने वाला 18% जीएसटी (GST Reforms) जल्द ही खत्म हो सकता है या इसे 5% तक कम किया जा सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सरकार GST 2.0 ...और पढ़ें

    खत्म हो सकता है बीमा प्रीमियम पर लगने वाला जीएसटी! सरकार की बड़ी तैयारी।
    खत्म हो सकता है बीमा प्रीमियम पर लगने वाला जीएसटी! सरकार की बड़ी तैयारी।

    नई दिल्ली| अगर आप बीमा प्रीमियम पर लगने वाले भारी-भरकम जीएसटी (GST Reforms) से परेशान हैं? तो आपके लिए खुशखबरी है। सरकार 18% GST को घटाकर 5% या शून्य करने की योजना बना रही है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, जीएसटी 2.0 (GST 2.0) के तहत टैक्स सिस्टम को और सरल किया जाएगा, जिससे आम लोग और कारोबारी दोनों को राहत मिलेगी।

    इस खबर से सोमवार को बीमा कंपनियों के शेयरों में 5 फीसदी तक का उछाल देखा गया। जहां LIC के शेयर्स में 0.34 फीसदी का मामूली उछाल आया तो वहीं न्यू इंडिया एश्योरेंस (New India Assurance) 5.71 प्रतिशत और निवा बुपा हेल्थ इंश्योरेंस (Niva Bupa Health Insurance) 5.30 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज हुई।

    दरअसल, सरकार GST के स्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव लाने की योजना बना रही है। नए सिस्टम में मुख्य रूप से दो टैक्स स्लैब होंगे- 5% और 18%। इसके अलावा, शराब और तंबाकू जैसे लग्जरी और नुकसानदेह सामानों के लिए 40% का खास स्लैब होगा। मौजूदा 12% और 28% के स्लैब को धीरे-धीरे खत्म किया जाएगा।

    यह भी पढ़ें- क्या मैं क्रेडिट कार्ड से दुबई में फ्लैट या बंगला खरीद सकता हूं? 10 पॉइंट में एक्सपर्ट से समझें एक-एक डिटेल

    जरूरी सामानों पर राहत बरकरार

    खाने-पीने का सामान, दवाइयां, मेडिकल उपकरण, स्टेशनरी, किताबें, टूथब्रश, हेयर ऑयल जैसे रोजमर्रा के सामान या तो टैक्स-फ्री रहेंगे या उन पर 5% GST लगेगा। टीवी, एसी, फ्रिज जैसे मिडिल-क्लास प्रोडक्ट्स पर 18% टैक्स लग सकता है। सरकार ऑटोमोबाइल, हस्तशिल्प, खेती, कपड़ा, उर्वरक और रिन्यूएबल एनर्जी जैसे सेक्टर्स पर खास ध्यान दे रही है।

    खबरें और भी

    नमकीन, पराठा, बन-केक पर खत्म होगा विवाद

    नए स्लैब सिस्टम से नमकीन, पराठा, बन, केक जैसे सामानों पर होने वाले टैक्स विवाद खत्म होंगे, जो पहले अलग-अलग सामग्री के आधार पर अलग-अलग टैक्स रेट में आते थे। हीरे और कीमती पत्थरों पर 0.25% और ज्वैलरी पर 3% का खास टैक्स जारी रहेगा।

    यह भी पढ़ें- 'परिवार से सबकुछ छीन लिया', संजय कपूर की बहन ने कंपनी पर लगाया आरोप, कहा- अजनबियों जैसा व्यवहार हो रहा

    शराब-तंबाकू पर 40% 'पाप का टैक्स'

    शराब और तंबाकू जैसे कुछ चुनिंदा सामानों पर 40% सिन टैक्स (पाप का टैक्स) लगेगा, लेकिन तंबाकू उत्पादों पर कुल टैक्स 88% ही रहेगा।

    GST 2.0: आसान और कारगर सिस्टम

    GST 2.0 का यह नया स्ट्रक्चर टैक्स सिस्टम को और सरल बनाने की दिशा में बड़ा कदम है। यह GST लागू होने के बाद से सबसे व्यापक बदलावों में से एक होगा, जिसका मकसद आम लोगों को राहत देना और कारोबार को बढ़ावा देना है।