राम की नगरी अयोध्या वाले हैं कितने अमीर, दिवाली से पहले जानिए यहां के लोगों के पास कितना धन?
Ayodhya Per Capita Income: अयोध्या, भगवान राम की जन्मभूमि, आर्थिक रूप से भी महत्वपूर्ण है। पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों से यहां की अर्थव्यवस्था बढ़ रह ...और पढ़ें

राम की नगरी अयोध्या वाले हैं कितने अमीर, दिवाली से पहले जानिए यहां के लोगों के पास कितना धन?
नई दिल्ली। Ayodhya Per Capita Income: राम की नगरी अयोध्या इस समय चर्चा का केंद्र है। कारण है दीपावली। जी हां दिवाली आए और अयोध्या की बात न हो। ऐसा हो ही नहीं सकता। क्योंकि दीपों के इस त्योहार की शुरुआत मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्रीराम की नगरी अयोध्या से ही हुई थी। 14 सालों का वनवास पूरा करके लौटे प्रभु श्रीराम माता सीता और लक्ष्मण के आगमन पर अयोध्या वासियों ने दीप जलाकर उनका स्वागत किया था।
त्रेतायुग में शुरू हुई यह परंपरा आज भी जीवित है। इस दिन को हम भारतीय दीपावली के पर्व के रूप में मनाते हैं। इस पर्व पर हम अयोध्या की खूब चर्चा करते हैं लेकिन अयोध्या वासियों की चर्चा करना भूल जाते हैं। आज हम अयोध्यावासियों की चर्चा करेंगे और जानेंगे कि आखिर यहां के लोगों की प्रति व्यक्ति आय कितनी है।
अयोध्यावासियों की प्रति व्यक्ति आय कितनी?
अयोध्या को पहले फैजाबाद के नाम से जाना जाता था। साल 2018 में इसका नाम बदलकर इसे अयोध्या जिला कर दिया गया था। फैजाबाद यानी अयोध्या की प्रति व्यक्ति आय जानने के लिए हमने कुछ महीने पहले उत्तर प्रदेश के Economics & Statistics विभाग से संपर्क किया। विभाग से हमने यूपी के सभी जिलों का डेटा मांगा था। विभाग ने जो डेटा शेयर किया है वह 2023-24 का प्रोविजनल डेटा है। आज से दो साल पहले यानी वित्त वर्ष 2023 की अगर हम बात करें तो अयोध्या की प्रति व्यक्ति आय (Ayodhya Per Capita Income) 89629 रुपये (करंट प्राइस) है।
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प्रति व्यक्ति आय के मामले में अयोध्या उत्तर प्रदेश में 28वें नंबर पर है। पर कैपिटा इनकम के मामले में यूपी का सबसे बड़ा जिला गौतम बुद्ध नगर (नोएडा) है। गौतमबुद्ध नगर की प्रति व्यक्ति आय 1017758 रुपये है।
वित्तीय वर्ष 2021-22 के दौरान अयोध्या की जिला घरेलू उत्पाद (GDP) 11,081.24 करोड़ रुपये थी, जो उत्तर प्रदेश के सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) का 0.94% है। हालांकि, प्रमुख बुनियादी ढाँचे के विकास और आध्यात्मिक पर्यटन में तेजी के कारण क्षेत्र के सकल घरेलू उत्पाद में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है।