सर्च करे
Home
फोकस

Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 18, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Fraud Loan App: फेक लोन ऐप्स की ऐसे करें पहचान, इन रेड फ्लैग को भूल कर भी न करें नजरअंदाज

    Updated: Thu, 18 Apr 2024 09:14 PM (IST)

    किसी भी लोन देने वाले ऐप (Fraud Loan App) का इस्तेमाल करने से पहले इस ऐप की ऑफिशियल वेबसाइट को रिव्यू करना जरूरी है। ऐप के लैंडिंग पार्टनर के रूप में ...और पढ़ें

    Fraud Loan App: गैरकानूनी तरीके से लोन देने वाले ऐप्स की ऐसे करें पहचान
    Fraud Loan App: गैरकानूनी तरीके से लोन देने वाले ऐप्स की ऐसे करें पहचान

    बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली। क्या आप जानते हैं केंद्रीय बैंक आरबीआई (Reserve Bank of India) लोन देने वाले ऐप्स को लेकर एक स्ट्रिक्ट गाइडलाइंस जारी करती है।

    लोन ऐप की वजह से किसी यूजर के साथ धोखाधड़ी न हो इसके लिए लोन देने वाले ऐप्स (Legitimate lending apps) और लोन सर्विस प्रोवाइडर (Loan Service Providers) को इन रेगुलेशन को फॉलो करना जरूरी है।

    RBI जारी करती है सख्त गाइडलाइन

    किसी भी लोन देने वाले ऐप का इस्तेमाल करने से पहले ऐप की ऑफिशियल वेबसाइट को रिव्यू करना जरूरी है। ऐप के लैंडिंग पार्टनर के रूप में बैंक और नॉन बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (Non-Banking Financial Companies) को जांचना जरूरी है।

    आरबीआई की गाइडलाइन के मुताबिक, लोन ऐप्स को बैंक/एनबीएफसी लाइसेंस के साथ एक रेगुलेटेड एनटिटी होना चाहिए या किसी एक के साथ भागीदार होना चाहिए।

    अब सवाल ये है कि एक फेक लोन ऐप की पहचान कैसे की जाए, इसके लिए कुछ बातों का ध्यान रख सकते हैं-

    ऐप्स को डाउनलोड करने का तरीका

    फोन में मोबाइल ऐप को किसी भी थर्ड पार्टी लिंक, वेबसाइट, एसएमएस या मेल में आए लिंक से डाउनलोड करना रेड फ्लैग हो सकता है। एक सही लोन ऐप आपको गूगल प्ले स्टोर या एपल स्टोर पर ही मिलेगा। यहां किसी भी ऐप को ऑफिशियल सही तरीके से डाउनलोड कर सकते हैं।

    एडवांस पेमेंट की रिक्वेस्ट

    फेक लैंडिंग ऐप्स (Fake loan apps) पर अक्सर उधारकर्ता से एडवांस पेमेंट जैसी रिक्वेस्ट की जाती है। यह एक रेड फ्लैग हो सकता है।

    लोन अप्रूवल के लिए इस तरह की रिक्वेस्ट एक सही ऋणदाता कभी नहीं करता। सही ऋणदाता के पास फी स्ट्रक्चर को लेकर एक सही जानकारी होती है, जिसे लोन अप्रूवल से पहले नहीं मांगा जाता है।

    ऑनलाइन रिव्यू

    किसी भी ऐप को लेकर ऑनलाइन रिव्यू काम आ सकते हैं। ऐप को इस्तेमाल करने वाले यूजर्स ऐप्स को लेकर रिव्यू देते हैं। किसी ऐप को लेकर नेगेटिव फीडबैक और वॉर्निंग मिल रहे हैं तो इन्हें नजरअंदाज करने की गलती न करें।

    लोन एग्रीमेंट का न होना

    किसी भी फेक लोन ऐप (Fake loan apps) की पहचान लोन एग्रीमेंट को लेकर भी की जा सकती है। एक सही लोन ऐप से उधारकर्ता को एक सही लोन एग्रीमेंट दिया जाएगा।

    लोन एग्रीमेंट में प्रॉसेसिंग फी, ब्याज की दर, रिमेंपेंट शेड्यूल की जरूरी जानकारी होती है। हाालंकि, अगर किसी ऐप में इस तरह के किसी एग्रीमेंट का कोई जिक्र ही नहीं है तो यह एक रेड फ्लैग हो सकता है।

    KYC प्रॉसेस का न होना

    एक सही लोन ऐप लोन देने से पहले अपने यूजर की केवाईसी (Know Your Customer) जरूर करेगा। फ्रॉड से बचने के लिए यूजर की पहचान जरूरी है।

    अगर किसी ऐसे लोन ऐप के यूजर हैं जहां, इस तरह के किसी प्रॉसेस से नहीं गुजरे हैं तो यह एक रेड फ्लैग हो सकता है।

    ये भी पढ़ेंः कहीं आपने तो डाउनलोड नहीं कर लिया फेक WhatsApp, Google की इस वॉर्निंग को न करें नजरअंदाज

     

    खबरें और भी